
भाजपा नेता गौरीकांत दीक्षित सहित हजारों लोग अंतिम दर्शन को पहुंचे
रामनगर (जनपद बाराबंकी) की तहसील क्षेत्र के ग्राम पंचायत मीतपुर में उस समय शोक की लहर दौड़ गई, जब पूर्व ग्राम प्रधान ज्ञानेंद्र कुमार अवस्थी के भाई शैलेंद्र अवस्थी के निधन की सूचना गांव पहुंची। प्राप्त जानकारी के अनुसार उनका आज सुबह लखनऊ के एक निजी अस्पताल में उपचार के दौरान देहांत हो गया। वे पिछले काफी समय से गंभीर रूप से बीमार चल रहे थे और उनका इलाज लखनऊ में ही चल रहा था।
परिजनों ने बताया कि उनका न्यूरो से संबंधित ऑपरेशन हुआ था। ऑपरेशन के बाद उनकी हालत अत्यंत नाजुक बनी रही और वे बेहोशी की अवस्था में चले गए। चिकित्सकों के भरसक प्रयासों के बावजूद वे होश में नहीं आ सके और अंततः उन्होंने अंतिम सांस ली। जैसे ही यह दुखद समाचार गांव पहुंचा, पूरे क्षेत्र में शोक की लहर फैल गई।
जब उनका पार्थिव शरीर गांव पहुंचा तो परिजनों में चीख-पुकार मच गई और माहौल गमगीन हो उठा। अंतिम दर्शन के लिए आसपास के गांवों से भी बड़ी संख्या में लोग उमड़ पड़े। देखते ही देखते हजारों की भीड़ एकत्र हो गई। सामाजिक व राजनीतिक क्षेत्र से जुड़े अनेक गणमान्य लोग शोक संवेदना व्यक्त करने पहुंचे। भाजपा नेता गौरीकांत दीक्षित सहित कई लोगों ने शोक संतप्त परिवार को ढांढस बंधाया और दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।
स्वर्गीय शैलेंद्र अवस्थी अपने पीछे पत्नी और तीन बच्चों को छोड़ गए हैं। उनके निधन से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है और बच्चों के सिर से पिता का साया उठ गया है। गांव में दिनभर शोक का माहौल बना रहा और लोगों ने इसे क्षेत्र की अपूरणीय क्षति बताया।






























