रिपोर्ट/विवेक शुक्ला
रामनगर बाराबंकी। संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हुई तीनों लड़कियों को रामनगर पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए 24 घंटे के अंदर लखीमपुर खीरी जिले से खोज निकाला और उन्हें बरामद कर पुलिस टीम सकुशल घर ले आई। मां की डांट से क्षुब्द होकर बालिका संतोषी अपनी दोनों सहेलियों को लेकर चाची के घर चली गई थी। बालिकाओं के बरामद होने के बाद रामनगर पुलिस एवं परिजनों ने राहत की सांस ली है।
उल्लेखनीय है कि थाना रामनगर के ग्राम बिछलखा गांव निवासी रमेश की 16 वर्षी पुत्री संतोषी राकेश की 13 वर्षी पुत्री क्रांति और शिवकुमार की 12 वर्ष की पुत्री काजल गुरुवार को घर से शाम को बथुआ बीनने निकली थी लेकिन वापस घर नहीं लौटी। परिजनों के द्वारा खोजबीन किए जाने के बाद इसकी सूचना रामनगर पुलिस को दी गई। एक साथ तीन लड़कियों के लापता हो जाने से हड़कंप मच गया था। हर कोई किसी अनहोनी को लेकर सासंकित था।मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय ने प्रभारी निरीक्षक रामनगर अनिल कुमार पांडेय को तत्काल लड़कियों को बरामद किया जाने के सख्त निर्देश दिए थे। इसके लिए अपर पुलिस अधीक्षक उत्तरी विकास चंद्र त्रिपाठी एवं पुलिस क्षेत्राधिकारी गरिमा पंत के नेतृत्व में पुलिस की अलग-अलग टीमें गठित की गई थी। प्रभारी निरीक्षक रामनगर अनिल कुमार पांडेय ने लड़कियों के गायब होने के बाद मौके पर पहुंचकर परिजनों के बयान दर्ज किये उनके फोटो लिए इसके बाद आसपास के टीवी सीसीटीवी कैमरों को खंगाला बस अड्डे और चौराहों पर लगे सीसीटीवी कैमरे भी देखें और मैन्युअल इंटेलिजेंस का सहारा लिया और मुखबिरों का जाल फैला दिया। इसके बाद शुक्रवार को इंस्पेक्टर रामनगर ने अपनी टीम के साथ सक्रियता दिखाते हुए लड़कियों को सकुशल लखीमपुर खीरी से बरामद कर लिया। पूछताछ में बालिका संतोषी ने बताया कि उसकी मां ने उसे डाटा था इसी बात से नाराज होकर अपनी सहेलियों के साथ लखीमपुर स्थित अपनी चाची के घर चली गई। वहां पर कोई कमरा लेकर रहने और काम करने का मन बना लिया था। प्रभारी निरीक्षक रामनगर अनिल कुमार पांडेय की तत्परता से 24 घंटे के अंदर तीनों लड़कियां सब कुशल बरामद हो गई उसके बाद परिजनों ने और पुलिस के अधिकारियों ने राहत की सांस ली।































