
बाराबंकी।जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी की अध्यक्षता में मंगलवार को डीआरडीए सभागार में किसान दिवस एवं कृषि समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में जनपद के किसानों से जुड़ी समस्याओं, रबी फसलों की स्थिति तथा आगामी खरीफ व जायद फसली सत्र की तैयारियों की विस्तार से समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि किसानों की समस्याओं का गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध समाधान प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
जिलाधिकारी ने कहा कि इस वर्ष जनपद में आलू उत्पादन का रकबा अपेक्षाकृत अधिक है, जिससे कोल्ड स्टोरेज में भंडारण का दबाव बढ़ेगा। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी कोल्ड स्टोरेज संचालकों को स्पष्ट आदेश जारी किए जाएं कि केवल जनपद के किसानों की ही बुकिंग की जाए। किसी भी स्थिति में फर्जी या बाहरी बुकिंग न होने पाए। इसके लिए नियमित सत्यापन, निगरानी एवं आकस्मिक जांच की प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
डीएम ने बताया कि आलू व सरसों की कटाई के उपरांत बड़ी संख्या में किसान मेंथा की रोपाई करेंगे। इसे ध्यान में रखते हुए नहरों में टेल तक पानी उपलब्ध कराने, सभी सरकारी नलकूपों को पूर्ण क्षमता के साथ संचालित रखने तथा उर्वरकों की समय से उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए, ताकि किसानों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
इसके साथ ही खरबूजे की खेती को प्रोत्साहित करने पर भी जोर दिया गया। जिलाधिकारी ने कहा कि किसानों को गुणवत्तायुक्त बीज उपलब्ध कराए जाएं। जिला कृषि अधिकारी ने किसानों से अपील की कि बीज, कीटनाशक एवं कृषि रसायन खरीदते समय दुकानदार से रसीद अवश्य प्राप्त करें, जिससे गुणवत्ता संबंधी शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई की जा सके।
बैठक में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) निरंकार सिंह सहित कृषि, सिंचाई, विद्युत, पशुपालन, सहकारिता विभाग के अधिकारी तथा बड़ी संख्या में किसान बंधु उपस्थित रहे।































