रिपोर्ट:- राहुल त्रिपाठी
बाराबंकी :- जयपुरिया इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट, गोमती नगर की सामाजिक दायित्व समिति के तत्वावधान में जनपद के चार विद्यालयों के लगभग 50 शिक्षकों के लिए एक दिवसीय अभिमुखीकरण कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यक्रम का संयोजन बेसिक उत्थान एवं ग्रामीण सेवा संस्थान द्वारा किया गया। कार्यशाला में शिक्षकों को आधुनिक कंप्यूटर तकनीक, पावर प्वाइंट, ई-मेल, एमएस पेंट तथा कंप्यूटर आधारित परीक्षा परिणाम तैयार करने की व्यावहारिक जानकारी दी गई।
बाल-केंद्रित और आनंददायी शिक्षण पर विशेष जोर
द्वितीय सत्र में डॉ. रीना अग्रवाल ने बाल-केंद्रित शिक्षण पद्धति पर जोर देते हुए कहा कि कक्षा की शुरुआत प्रार्थना और आइस-ब्रेकिंग गतिविधियों से होनी चाहिए। उन्होंने बच्चों की छोटी उपलब्धियों की सराहना, अभिभावकों से सकारात्मक संवाद और स्लो लर्नर्स पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता बताई। साथ ही शिक्षणेत्तर गतिविधियों, क्विज, खेलकूद और सामाजिक कार्यक्रमों के माध्यम से विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास पर बल दिया। कार्यशाला के अंत में शिक्षकों की जिज्ञासाओं का समाधान किया गया, जिसमें लगभग 70 प्रतिभागियों ने सहभागिता की।
























