रिपोर्ट/विवेक शुक्ला


रामनगर, बाराबंकी। महाराणा प्रताप की जयंती पर शनिवार को रामनगर-फतेहपुर मार्ग स्थित एक पैलेस में वरिष्ठ जन सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में आए अतिथियों और वरिष्ठ जनों को अंगवस्त्र, प्रतीक चिन्ह, पगड़ी और मालाएं पहनाकर सम्मानित किया गया। इस दौरान वक्ताओं ने महाराणा प्रताप के शौर्य, स्वाभिमान और राष्ट्रभक्ति को याद करते हुए उनके आदर्शों पर चलने का आह्वान किया। क़स्बा अध्यक्ष रामशरण पाठक ने कहा कि महाराणा प्रताप ने जीवनभर स्वाभिमान से समझौता नहीं किया। विपरीत परिस्थितियों में भी उन्होंने सिर नहीं झुकाया और घास की रोटी खाकर मातृभूमि की रक्षा की। उन्होंने कहा कि समाज को उनके जीवन से प्रेरणा लेकर एकजुट होकर आगे बढ़ना चाहिए। महाराणा प्रताप सर्व समाज के लिए संघर्ष करने वाले महान योद्धा थे। पूर्व ब्लॉक प्रमुख ब्रजपाल सिंह ज्ञानू ने कहा कि रामनगर की अलग पहचान पूरे प्रदेश में स्थापित करनी होगी। इसके लिए सभी समाजों को एकजुट होकर कार्य करना होगा। उन्होंने बच्चों की शिक्षा और उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए समाज से आगे आने की अपील की।शीतल बख्श सिंह ने कहा कि समय के साथ समाज में एकता मजबूत हो रही है। महाराणा प्रताप पूरे देश के लिए संघर्ष करने वाले वीर योद्धा थे। वहीं सुनील सिंह सेवक ने लोगों से उनके पदचिह्नों पर चलने का आह्वान किया। चेयरमैन रामशरण पाठक ने कार्यक्रम में महाराणा प्रताप की प्रतिमा स्थापित कराने की घोषणा भी किया। कार्यक्रम का संचालन दीपक सिंह सरल ने किया। आयोजन की अगुवाई भानू प्रताप सिंह, पूर्व प्रमुख बृजपाल सिंह, संजय सिंह ज्ञानू पूर्व ब्लॉक प्रमुख राजन सिंह और अमित सिंह आजाद ने की।इस अवसर पर शिवप्रसाद अवस्थी, रविंद्र सिंह, अमरेंद्र सिंह रूद्र, संदीप सिंह निक्कू, प्रभात सिंह, रविकांत पांडेय, पवन ओझा, दयाशंकर तिवारी, रामकरण सिंह, डॉ. विशाल सिंह, अधिवक्ता कुलदीप सिंह, सुरेंद्र सिंह मनीष, अधिवक्ता राघवेंद्र सिंह अन्नू, दद्दन सिंह, अजीत सिंह बब्बू, अजय प्रताप सिंह, आनंद सिंह प्रभात शुक्ला,गनेशी, समेत सर्वसमाज के सैकड़ों लोग मौजूद रहे।






























