59 संदर्भ मिले लंबित, कृषि विभाग में सबसे ज्यादा 23 शिकायतें !
रिपोर्ट: राघवेन्द्र मिश्रा
बाराबंकी:- समन्वित शिकायत निवारण प्रणाली (IGRS/जनसुनवाई पोर्टल) पर प्राप्त जनशिकायतों और संदर्भों के समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण में लापरवाही सामने आने पर जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह ने सख्त कार्रवाई की है।
07 अगस्त 2026 की स्थिति में डिफाल्टर तथा 11 अगस्त को डिफाल्टर होने वाले कुल 59 संदर्भ विभिन्न विभागों के अधिकारियों के स्तर पर लंबित पाए गए। मामले को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी ने संबंधित 12 अधिकारियों का एक दिन का वेतन बाधित करने के निर्देश दिए हैं।
कृषि विभाग में सबसे ज्यादा 23 संदर्भ लंबित
जिलाधिकारी के आदेश के अनुसार उप निदेशक कृषि विभाग, बाराबंकी के स्तर पर सबसे अधिक 23 संदर्भ लंबित पाए गए। वहीं जिला प्रोबेशन अधिकारी, महिला कल्याण विभाग के स्तर पर 8 संदर्भ लंबित मिले।
राजस्व एवं आपदा विभाग में कुल 17 संदर्भ समय-सीमा में निस्तारित नहीं हुए। इनमें एसडीएम रामसनेहीघाट के 4, तहसीलदार रामसनेहीघाट के 3 और तहसीलदार फतेहपुर के 10 संदर्भ शामिल हैं।
विद्युत विभाग में कुल 6 संदर्भ लंबित मिले। इनमें अधिशासी अभियंता विद्युत फतेहपुर के 1, रामसनेहीघाट के 3 और रामनगर के 2 संदर्भ शामिल हैं।
इसके अलावा सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के 2, चकबंदी अधिकारी सिरौली गौसपुर का 1, बाराबंकी जल निगम (नगरीय) का 1 और जिला खाद्य एवं विपणन अधिकारी का 1 संदर्भ लंबित पाया गया। तीन दिन में देना होगा स्पष्टीकरण
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को लंबित संदर्भों में हुई देरी का कारण स्पष्ट करते हुए तीन दिवस के भीतर तथ्यात्मक एवं सुस्पष्ट स्पष्टीकरण उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।
डीएम ने स्पष्ट किया कि जनशिकायतों का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण जिला प्रशासन की प्राथमिकता है। आमजन से जुड़ी शिकायतों में लापरवाही या अनावश्यक देरी पाए जाने पर संबंधित अधिकारी की जवाबदेही तय करते हुए नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।