*सामाजिक परिवर्तन के अग्रदूत बहुजन क्रांतिकारी महापुरुष पुस्तक का प्रथम संस्करण विमोचित*!
रिपोर्ट:- रीशू गुप्ता
बाराबंकी। स्थानीय जल निगम रोड, शांतिपुरम, बाराबंकी स्थित रीगल पैलेस में सोमवार को लेखक सन्तलाल बौद्ध द्वारा लिखित पुस्तक ‘सामाजिक परिवर्तन के अग्रदूत बहुजन क्रांतिकारी महापुरुष’ के प्रथम संस्करण का भव्य विमोचन वरिष्ठ कवि, शायर एवं साहित्यकार आदरणीय सुरेश उजाला के कर-कमलों द्वारा किया गया।
कार्यक्रम में पूर्व सांसद एवं समाज सेवा संस्थान, बाराबंकी के अध्यक्ष ए.पी. गौतम तथा सेवानिवृत्त जिला जज डॉ. रामकिशोर विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता भारतीय बौद्ध महासभा के जिला अध्यक्ष ने की, जबकि सभा का प्रभावी संचालन अलका गौतम ने किया।
पुस्तक विमोचन समारोह को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथियों ने कहा कि सामाजिक परिवर्तन की दिशा में महापुरुषों के विचारों, संघर्षों और योगदान को जन-जन तक पहुंचाना समय की महत्वपूर्ण आवश्यकता है। ‘सामाजिक परिवर्तन के अग्रदूत बहुजन क्रांतिकारी महापुरुष’ जैसी पुस्तकें समाज में जागरूकता पैदा करने के साथ-साथ नई पीढ़ी को अपने इतिहास, संघर्ष और सामाजिक सरोकारों से परिचित कराने का महत्वपूर्ण कार्य करती हैं।
इस अवसर पर रत्नेश कुमार, डॉ. श्याम लाल धनुर्धारी, सुरेश चंद्र गौतम, हरिप्रसाद हनक एवं शिव शंकर यादव सहित अनेक वक्ताओं ने पुस्तक एवं उसके विषय-वस्तु पर अपने विचार व्यक्त किए। वक्ताओं ने कहा कि बहुजन समाज के सामाजिक जागरण और परिवर्तन की यात्रा में जिन महापुरुषों ने अपना जीवन समर्पित किया, उनके विचारों और कृतित्व का दस्तावेजीकरण समाज के लिए प्रेरणादायी है।
लेखक सन्तलाल बौद्ध ने पुस्तक के लेखन के उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए कहा कि सामाजिक परिवर्तन के लिए संघर्ष करने वाले महापुरुषों के विचारों को समाज की नई पीढ़ी तक पहुंचाना ही इस पुस्तक के लेखन का प्रमुख उद्देश्य है। उन्होंने पुस्तक के विमोचन में उपस्थित सभी अतिथियों एवं साहित्यप्रेमियों के प्रति आभार व्यक्त किया।
कार्यक्रम में रामपाल बाबू, विक्रम सिद्धार्थ, आर.पी. गौतम, लाल बहादुर, दीप वाल्मीकि, विनोद कुमार, कमलेश कुमार, प्रमोद कुमार सहित बड़ी संख्या में साहित्यप्रेमी, सामाजिक कार्यकर्ता, बुद्धिजीवी एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का समापन सामाजिक समरसता, समानता, शिक्षा एवं सामाजिक परिवर्तन के संदेश के साथ हुआ।