रिपोर्ट/विवेक शुक्ला
रामनगर बाराबंकी। चौकाघाट-मरकामऊ मार्ग स्थित क्षतिग्रस्त कटका पुल से मिट्टी लदे डंपरों के आवागमन पर रोक लगने के बाद अब ये वाहन रामनगर कस्बे के मुख्य बाजार और घनी आबादी वाले क्षेत्रों से होकर गुजर रहे हैं। तेज रफ्तार और ओवरलोडेड डंपरों के कारण दुर्घटना की आशंका बढ़ गई है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से तत्काल प्रभावी कार्रवाई की मांग की है।जानकारी के अनुसार थाना बदोसराय क्षेत्र के पुरनिया गांव स्थित टिकुरी में पिछले कुछ दिनों से जेसीबी मशीनों से मिट्टी का खनन कराया जा रहा है। खनन स्थल से डंपरों के जरिए मिट्टी की ढुलाई की जा रही है। पहले ये वाहन चौकाघाट-मरकामऊ मार्ग पर स्थित कटका पुल से होकर गुजरते थे, लेकिन पुल के क्षतिग्रस्त होने और शिकायतों के बाद अधिकारियों ने वहां से भारी वाहनों के आवागमन पर रोक लगा दी थी।
इसके बाद मिट्टी लदे डंपरों ने अपना मार्ग बदल लिया है। वर्तमान में ये वाहन बुढ़वल चौराहे से होकर रामनगर कस्बे के भीतर घनी आबादी और व्यस्त बाजार क्षेत्र से गुजर रहे हैं। डंपरों के आवागमन से सड़कों पर धूल उड़ रही है, जिससे राहगीरों और दुकानदारों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।स्थानीय दुकानदारों और राहगीरों का कहना है कि बाजार में प्रतिदिन आसपास के सैकड़ों गांवों से लोग खरीदारी के लिए आते हैं। दिनभर भीड़भाड़ रहने के बावजूद ओवरलोडेड डंपरों का आवागमन जारी है। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते इस पर रोक नहीं लगाई गई तो किसी भी समय बड़ा हादसा हो सकता है।स्थानीय लोगों ने प्रशासन से कस्बे के भीतर से गुजर रहे ओवरलोडेड डंपरों पर रोक लगाने तथा खनन और परिवहन की जांच कर आवश्यक कार्रवाई किए जाने की मांग की है। थाना प्रभाव निरीक्षक अरूण प्रताप ने बताया यदि बस्ती के बीच डंपर निकल रहे है तो इनके खिलाफ कार्यवाई की जाएगी।































