आगरा पुलिस कमिश्नर के निर्देश पर संचालित फैमिली काउंसलिंग सेंटर ने 22 अक्टूबर, 2026 को एक बड़ी सफलता हासिल की है। इस सेंटर के माध्यम से तीन शादीशुदा जोड़ों के बीच चल रहे आपसी विवादों को सुलझा लिया गया है।
कुशल काउंसलर्स के साथ हुए एक विशेष सत्र के बाद इन तीनों जोड़ों ने अपने आपसी मतभेदों को खत्म कर लिया। सभी पक्षों ने अब औपचारिक रूप से एक साथ रहने का संकल्प लिया है।
इस पूरी प्रक्रिया का मुख्य उद्देश्य परिवारों को टूटने से बचाना था। यह कदम बच्चों और रिश्तेदारों के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए उठाया गया है।
घरेलू विवादों को सुलझाने की रणनीति
आगरा पुलिस लगातार इस बात पर जोर दे रही है कि घरेलू झगड़ों को कानूनी लड़ाई बनने से पहले ही सुलझा लिया जाए। इसके लिए पुलिस प्रोफेशनल मेडिएशन यानी पेशेवर मध्यस्थता का सहारा ले रही है।
जिला पुलिस बुनियादी ढांचे के भीतर ही इस फैमिली काउंसलिंग सेंटर को चलाया जा रहा है। यह सेंटर लोगों को एक निजी और सहयोगी माहौल प्रदान करता है, जिससे वैवाहिक और पारिवारिक दूरियों को पाटने में मदद मिलती है।
उत्तर प्रदेश सरकार की व्यापक योजना
परिवार की स्थिरता और सामुदायिक सद्भाव को प्राथमिकता देने के लिए राज्य सरकार पूरे उत्तर प्रदेश में ऐसे प्रयास कर रही है। इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए सरकार ने राज्य के 75 जिलों में कुल 78 काउंसलिंग सेंटर स्थापित किए हैं।
आगरा पुलिस इस मध्यस्थता आधारित दृष्टिकोण के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है। इस रणनीति के मुख्य बिंदु निम्नलिखित हैं:
- सामाजिक एकजुटता को बढ़ावा देना।
- कमिश्नरेट के भीतर कानून और व्यवस्था को बनाए रखना।
- कानूनी विवादों की संख्या को कम करना।
यह तरीका अब आगरा पुलिस की रणनीति का एक प्रमुख हिस्सा बन चुका है, ताकि समाज में शांति और सामंजस्य बना रहे।
























