उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद जिले में एक टायर रीसाइक्लिंग फैक्ट्री में भीषण आग लग गई। यह फैक्ट्री शिकोहाबाद पुलिस स्टेशन क्षेत्र के नौशेहरा में स्थित है, जहाँ टायरों से तेल निकालने का काम किया जाता था।
घटना की शुरुआत 3 अक्टूबर की शाम को हुई थी, लेकिन आग इतनी भीषण थी कि वह अगले दिन तक जलती रही। रविवार, 4 अक्टूबर 2026 को दोपहर लगभग 2:30 बजे तक आग की स्थिति काफी गंभीर बनी रही।
उर्मुरा किरार गांव के पास स्थित इस फैक्ट्री की पहचान कुछ रिपोर्टों में SMVD के रूप में की गई है। आग की तीव्रता इतनी ज्यादा थी कि लपटें 30 से 40 फीट की ऊंचाई तक जा रही थीं।
आसपास के इलाकों में दहशत और बचाव कार्य
फैक्ट्री से निकलने वाला काले धुएं का गुबार इतना घना था कि वह पांच किलोमीटर दूर से ही साफ दिखाई दे रहा था। इस मंजर को देखकर आसपास के इलाकों में लोगों के बीच भारी दहशत फैल गई।
सुरक्षा के तौर पर प्रशासन ने आसपास के घरों को खाली करा लिया है ताकि लोग सुरक्षित रह सकें। आग को बुझाने के लिए मौके पर कई फायर टेंडर तैनात किए गए हैं और बचाव कार्य जारी है।
आग बुझाने में आ रही चुनौतियां और प्रयास
CFO सत्येंद्र पांडे ने बताया कि फैक्ट्री में टायरों और रबर का बहुत बड़ा स्टॉक जमा था। इस वजह से आग पर काबू पाने की कोशिशों में काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।
आग बुझाने के लिए फायर ब्रिगेड की टीमें पानी और फोम दोनों का इस्तेमाल कर रही हैं। साथ ही, आग को आगे फैलने से रोकने और टायरों के मलबे को हटाने के लिए JCB मशीनों की मदद ली जा रही है।
हताहतों की जानकारी और जांच
राहत की बात यह है कि अब तक इस हादसे में किसी के घायल होने या जान जाने की खबर नहीं मिली है। सभी लोग सुरक्षित बताए जा रहे हैं।
फायर विभाग की टीम इस बात की जांच कर रही है कि आग लगने का असली कारण क्या था। आग लगने की वजह अभी जांच के दायरे में है और रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी।

























