अयोध्या के साकेत भवन के महंत सीताराम दास ने समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष Akhilesh Yadav के शहर आने की संभावनाओं को लेकर तीखी आलोचना की है। उन्होंने इस बात पर सवाल उठाए हैं कि अखिलेश यादव अयोध्या आने के बाद क्या करेंगे।
महंत का दावा है कि Akhilesh Yadav अयोध्या आने के बावजूद राम लला की पूजा करने से इनकार करेंगे। उन्होंने इस पूरी स्थिति को राजनीतिक जोड़-तोड़ से जोड़कर देखा है।
तुष्टिकरण की राजनीति और दर्शन से दूरी
महंत सीताराम दास ने आरोप लगाया कि अखिलेश यादव तुष्टिकरण की राजनीति कर रहे हैं और इसी वजह से वह दर्शन करने से बच रहे हैं। उन्होंने सवाल किया कि क्या यह राजनेता अपने आकाओं, मौलवियों या मौलानाओं को नाराज करने से डरता है।
महंत ने स्पष्ट किया कि राम लला के दर्शन करने का फैसला किसी का भी व्यक्तिगत निर्णय हो सकता है। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि ऐसी विचारधारा वाले लोगों का अयोध्या न आना ही बेहतर है।
राम भक्तों पर गोली चलाने के गंभीर आरोप
बातचीत के दौरान महंत सीताराम दास ने Akhilesh Yadav और उनके परिवार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि जब यह परिवार सत्ता में था, तब उन्होंने अयोध्या में राम भक्तों पर गोलियां चलाने का आदेश दिया था।
महंत ने इस बात पर जोर दिया कि नेताओं को अपनी स्थिति पर विचार करना चाहिए। उन्होंने कहा कि अयोध्या की आस्था और राम भक्तों की भावनाओं का सम्मान करना जरूरी है।

























