बाराबंकी के रामनगर तहसील प्रशासन ने गुरुवार शाम को एक बड़ी कार्रवाई की। प्रशासन ने डडोरा ग्राम पंचायत में सरकारी जमीन पर किए गए अवैध कब्जों के खिलाफ अभियान चलाया।
इस अभियान के दौरान राजस्व टीम की मौजूदगी में JCB मशीन का इस्तेमाल कर अवैध निर्माणों को ढहाया गया। इस कार्रवाई से सरकारी तालाब की जमीन को कब्जा मुक्त करा लिया गया है।
प्रशासन ने केवल सरकारी तालाब ही नहीं, बल्कि एक पूर्व सैनिक के भूखंड पर किए गए अवैध कब्जे को भी हटाया। यह पूरी कार्रवाई ग्रामीणों द्वारा दी गई शिकायतों के आधार पर की गई थी।
शिकायतों के बाद हुई कार्रवाई
गांव के लोगों ने सरकारी तालाब और एक पूर्व सैनिक की संपत्ति पर अवैध कब्जे की शिकायत दर्ज कराई थी। इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए राजस्व विभाग ने मौके पर जाकर जांच की थी।
राजस्व विभाग द्वारा ऑन-साइट निरीक्षण के बाद शिकायतों की पुष्टि की गई। इसी सत्यापन के बाद प्रशासन ने गुरुवार को बुलडोजर चलाकर अतिक्रमण हटाने का फैसला किया।
अवैध निर्माणों पर चला बुलडोजर
कार्रवाई के दौरान सरकारी तालाब की जमीन पर बनी अस्थायी संरचनाओं को पूरी तरह नष्ट कर दिया गया। इनमें मुख्य रूप से निम्नलिखित निर्माण शामिल थे:
- तालाब की जमीन पर बनाए गए फूस के छप्पर।
- अवैध रूप से खड़ी की गई दीवारें।
प्रशासन ने इन सभी निर्माणों को हटाकर तालाब की जमीन को सफलतापूर्वक वापस प्राप्त कर लिया। साथ ही पूर्व सैनिक की जमीन को भी कब्जा मुक्त कराया गया।
प्रशासन की चेतावनी और टीम का विवरण
इस पूरी प्रक्रिया के दौरान स्थानीय ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई थी। मौके पर मौजूद तहसील प्रशासन ने सख्त चेतावनी दी कि सरकारी या सार्वजनिक उपयोग की जमीन पर अवैध कब्जा किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
अधिकारियों ने यह भी बताया कि भविष्य में दोबारा अतिक्रमण न हो, इसके लिए जरूरी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। यह सुनिश्चित किया जाएगा कि मुक्त कराई गई जमीन खाली रहे।
इस पूरे अभियान का नेतृत्व तहसीलदार Vipul Singh ने किया। उनके साथ नायब तहसीलदार, राजस्व निरीक्षक Jaishankar Upadhyay, लेखपाल Dilip Kumar Mishra और राजस्व विभाग के अन्य कर्मचारी मौजूद रहे।

























