बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने 3 नवंबर, 2026 को दिल्ली दौरे के दौरान एक विवादित बयान दिया। उन्होंने दावा किया कि बिहार में ‘क्राइम’ तो हो सकता है, लेकिन राज्य में ‘अपराध’ नहीं है।
चौधरी ने तर्क दिया कि बिहार में ‘अपराध’ की अवधारणा प्रभावी रूप से समाप्त हो चुकी है क्योंकि उनकी सरकार जीरो-टोलरेंस की नीति अपना रही है। उन्होंने जोर दिया कि अपराधियों की पहचान के लिए राज्य में टेक्नोलॉजी और AI-मॉनिटर कैमरों का इस्तेमाल किया जा रहा है, जिससे उन्हें सख्त कानूनी कार्रवाई के बाद जेल भेजा जा रहा है।
विपक्ष ने साधा निशाना
इन बयानों की राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने तुरंत निंदा की। विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव ने इस बयान की आलोचना की और डिप्टी सीएम का एक वीडियो साझा कर सम्राट चौधरी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दोनों को निशाना बनाया।
RJD प्रवक्ता ईजाज अहमद ने भी इन टिप्पणियों की कड़ी आलोचना की। उन्होंने कहा कि इस संदर्भ में ‘क्राइम’ और ‘अपराध’ शब्दों के बीच कोई सार्थक अंतर नहीं है और सुझाव दिया कि उपमुख्यमंत्री को इस मामले में सही समझ या सलाह की कमी है।









