लखनऊ की एक मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (CJM) अदालत ने कारोबारी शिवा शर्मा की मौत से जुड़े मामले में मॉडल श्रद्धा दुबे, उनकी बहन रश्मि दुबे और उनके ड्राइवर तनवीर अली की जमानत याचिकाएं खारिज कर दी हैं। ड्राइवर तनवीर अली को दानिश के नाम से भी जाना जाता है।
एक्टिंग CJM आलोक वर्मा ने इन आवेदनों को नामंजूर करते हुए कहा कि अपराध की प्रकृति बहुत गंभीर है। अदालत ने यह निर्धारित किया कि इस मामले का ट्रायल सेशन कोर्ट में चलना चाहिए, इसलिए इस स्तर पर जमानत के लिए कोई वैध आधार नहीं है।
शिवा शर्मा की मौत और दर्ज हुई शिकायत
यह पूरा मामला कारोबारी शिवा शर्मा की मौत से जुड़ा है। 9 अक्टूबर को लखनऊ के अवध ग्रीन अपार्टमेंट की चौथी मंजिल से शिवा शर्मा नीचे गिर गए थे, जिससे उनकी मौत हो गई।
इस घटना के बाद शिवा शर्मा की मां रंजना शर्मा ने हत्या की शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने अपनी शिकायत में पांच लोगों के नाम लिखे थे, जिनमें वर्तमान में जमानत याचिका दायर करने वाले तीनों आरोपी भी शामिल हैं।
श्रद्धा दुबे की गिरफ्तारी और पुलिस कार्रवाई
घटना के बाद मॉडल श्रद्धा दुबे 11 दिनों तक फरार रही थीं। बताया गया है कि वह पुलिस की निगरानी से बचने के लिए YouTube वीडियो का सहारा ले रही थीं। स्थानीय अधिकारियों ने उनकी गिरफ्तारी के लिए 50,000 रुपये का इनाम भी रखा था।
पुलिस ने अंततः 20 अक्टूबर को श्रद्धा दुबे, रश्मि दुबे और तनवीर अली को नागपुर से गिरफ्तार किया। इसके बाद तीनों आरोपियों को लखनऊ लाया गया। शुरुआती पूछताछ के बाद अदालत ने उन्हें 10 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया था।
सुरक्षा इंतजाम और जांच का दायरा
इस मामले की हाई-प्रोफाइल प्रकृति और सुरक्षा कारणों को देखते हुए जेल अधिकारियों ने विशेष निर्देश दिए हैं। आरोपियों को अब कोर्ट की कार्यवाही में वर्चुअल माध्यम से पेश किया जाएगा।
रिपोर्ट्स के अनुसार, गिरफ्तारी के दौरान आरोपियों का व्यवहार काफी चुनौतीपूर्ण और अड़ियल था। इस वजह से पुलिस ने अब उनके संभावित सपोर्ट नेटवर्क की जांच का दायरा बढ़ा दिया है ताकि मामले की गहराई से पड़ताल की जा सके।































