उत्तर प्रदेश के कासगंज पुलिस स्टेशन के अधिकार क्षेत्र में आने वाले नगला भूरा गांव में शुक्रवार, 23 अक्टूबर 2026 की दोपहर एक दर्दनाक हादसा हो गया। यहां एक घर में गैस सिलेंडर जोरदार धमाके के साथ फट गया, जिससे पूरे इलाके में हड़कंप मच गया।
यह हादसा उस समय हुआ जब घर में खाना बनाया जा रहा था। खाना बनाने के दौरान अचानक आग लग गई और देखते ही देखते एक शक्तिशाली विस्फोट हुआ।
धमाका इतना जबरदस्त था कि घर की छत यानी लेंटर और दीवारें पूरी तरह ढह गईं। मलबे में दबने के कारण 14 साल के किशोर प्रियांशु की जान चली गई।
मलबे में दबे बच्चे और बचाव कार्य
इस भीषण हादसे में प्रियांशु के अलावा चार अन्य बच्चे भी घायल हो गए। इन सभी घायल बच्चों को तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां उनका इलाज कराया जा रहा है।
घटना के समय प्रियांशु के पिता शैलेंद्र सिंह अन्य बच्चों को बाल कटवाने के लिए बाहर ले गए थे। उनकी मां कविता घर की ऊपरी मंजिल पर सो रही थीं।
जब आग लगने के कारण शोर मचा, तब कविता तुरंत नीचे की ओर दौड़ीं। इसके बाद सूचना मिलते ही पुलिस, फायर ब्रिगेड और एम्बुलेंस की टीमें मौके पर पहुंचीं।
प्रशासनिक जांच और राहत कार्य
मलबे से लोगों को निकालने और राहत कार्य चलाने में स्थानीय निवासियों ने प्रशासन का सक्रिय सहयोग किया। पुलिस और बचाव दलों ने मिलकर अभियान चलाया।
हादसे की गंभीरता को देखते हुए एडिशनल सुपरिटेंडेंट ऑफ पुलिस आलोक सिंह और सीओ सदर अंचल चौहान ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और स्थिति का जायजा लिया।
वर्तमान में पुलिस और जिला प्रशासन की टीमें इस मामले की जांच कर रही हैं। जांच टीम विस्फोट के सटीक कारणों का पता लगाने में जुटी है ताकि हादसे की वजह स्पष्ट हो सके।































