मंगलवार, 6 अक्टूबर 2026 को कांग्रेस सांसद पवन खेड़ा ने मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार को कड़ी चेतावनी दी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि भारत निर्वाचन आयोग के खिलाफ जो आक्रोश शुरू हुआ है, वह तो बस एक शुरुआत है।
नई दिल्ली में आयोजित एक बड़े प्रदर्शन के दौरान खेड़ा ने कहा कि ज्ञानेश कुमार ने विपक्षी प्रतिनिधिमंडल से मिलने से इनकार किया है और उन्हें इस फैसले पर पछतावा होगा। इस विरोध मार्च में राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा समेत INDIA गठबंधन के कई प्रमुख चेहरे शामिल हुए थे।
प्रदर्शन के अंत में दिल्ली पुलिस ने आकाशवाणी भवन पर कई विपक्षी नेताओं को हिरासत में ले लिया। इस पूरी घटना ने राजनीतिक माहौल को गरमा दिया है।
वोटर लिस्ट और फॉर्म 6 में बदलाव पर विवाद
INDIA गठबंधन ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। विपक्ष का कहना है कि कुमार ने सुप्रीम कोर्ट की मंजूरी के बिना ही चुनावी सूचियों से संबंधित फॉर्म 6 में एकतरफा बदलाव किए हैं।
बताया गया है कि इन बदलावों के जरिए एक ऑनलाइन डिक्लेरेशन जोड़ा गया है। इसके तहत अब नए मतदाताओं को अपने माता-पिता या दादा-दादी के जरिए पिछले चुनावी रोल से लिंक होना अनिवार्य होगा।
लोकतंत्र और वोट चोरी के आरोप
विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने इन कदमों को लोकतंत्र को कमजोर करने की कोशिश बताया है। उन्होंने इन बदलावों को वोट चोरी को आसान बनाने का एक तरीका करार दिया है।
आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने भी इन आरोपों का समर्थन किया। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनावी सूचियों के स्पेशल इंटेंसिव रिविजन (SIR) का इस्तेमाल असली मतदाताओं के नाम हटाने और फर्जी नाम जोड़ने के लिए किया गया है।
चुनाव आयोग का पक्ष और अदालती कार्रवाई
दूसरी ओर, चुनाव आयोग ने अपनी बात रखते हुए कहा कि किसी भी राजनीतिक दल ने मंगलवार शाम 4 बजे से पहले अपॉइंटमेंट मांगने की स्थापित 2025 प्रक्रिया का पालन नहीं किया।
इस मामले में सुप्रीम कोर्ट ऑफ इंडिया ने चुनाव आयोग और केंद्र सरकार को नोटिस जारी किया है। अदालत ने ज्ञानेश कुमार द्वारा लिए गए कथित एकतरफा फैसलों पर स्पष्टीकरण मांगा है, हालांकि कोर्ट ने उन्हें निलंबित करने की अंतरिम मांग को खारिज कर दिया है।
कांग्रेस का देशव्यापी अभियान
इस पूरे विवाद के बाद कांग्रेस पार्टी ने अब एक बड़ा कदम उठाने का फैसला किया है। पार्टी ने ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ नाम से एक राष्ट्रव्यापी अभियान चलाने की योजना बनाई है।
- यह अभियान 10 अक्टूबर से शुरू होगा।
- यह अभियान 26 नवंबर तक चलेगा।
- इसका मुख्य उद्देश्य मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को तेज करना है।

























