शाहजहांपुर के सिंदौली थाना क्षेत्र के बरौरा गांव में मुकेश नाम के एक युवक की हत्या के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने इस वारदात में शामिल दो पुरुषों और एक महिला को गिरफ्तार कर लिया है।
यह पूरी घटना 13 अगस्त 2026 को घटित हुई थी। पुलिस ने जांच के दौरान जुटाए गए सबूतों और संदिग्धों के कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) का विश्लेषण करने के बाद इन आरोपियों को पकड़ने में सफलता हासिल की है।
प्रशासन अब इस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई कर रहा है। पुलिस ने आरोपियों पर आपराधिक साजिश से जुड़ी अतिरिक्त धाराएं भी लगाई हैं।
पिता की शिकायत पर दर्ज हुई थी एफआईआर
इस घटना के बाद बरौरा गांव के निवासी बृजपाल ने 13 अगस्त 2026 को पुलिस में एक लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। बृजपाल ने बताया कि उनके बेटे मुकेश की मौत अज्ञात व्यक्तियों द्वारा किए गए शारीरिक हमले के कारण हुई है।
इस शिकायत के आधार पर सिंदौली थाने में एक प्रथम सूचना रिपोर्ट (FIR) दर्ज की गई। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए गहन जांच शुरू की और आरोपियों की पहचान की।
आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी का विवरण
जांच के दौरान पुलिस ने तीन संदिग्धों की पहचान की। इनमें 22 साल का जितेंद्र, जो ओमप्रकाश का बेटा है और 19 साल का अमरजीत, जो रामनिवास का बेटा है, शामिल हैं। ये दोनों ही बरौरा गांव के रहने वाले हैं। इनके साथ एक नाम न बताई गई महिला भी इस मामले में शामिल थी।
पुलिस ने सटीक सूचना के आधार पर 26 अक्टूबर को दोपहर 12:28 बजे जितेंद्र और अमरजीत को गिरफ्तार किया। इन्हें नायरा पेट्रोल पंप से करनइयापुर जाने वाले रास्ते और पैना व बरौरा की ओर जाने वाली सड़क के चौराहे के पास से पकड़ा गया।
वहीं, महिला संदिग्ध को उसी दिन दोपहर 12:36 बजे बरौरा और करनइयापुर के बीच स्थित टी-जंक्शन के पास से गिरफ्तार किया गया।
दोस्ती का विवाद बना हत्या की वजह
पुलिस की शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि मुकेश की मौत जिस हमले के कारण हुई, उसकी वजह दोस्ती को लेकर हुआ एक विवाद था। इसी झगड़े ने हिंसक रूप ले लिया और युवक की जान चली गई।
पुलिस अब इस पूरे मामले में भारतीय न्याय संहिता की निम्नलिखित धाराओं के तहत कानूनी कार्यवाही कर रही है:
- धारा 105
- धारा 61
- धारा 238









