पुरानी दिल्ली के भीड़भाड़ वाले चावड़ी बाजार इलाके में 5 नवंबर 2026 को एक तीन मंजिला निर्माणाधीन इमारत गिर गई, जिसमें अब तक छह लोगों की मौत हो चुकी है। अधिकारियों ने इमारत के मालिक और तीन ठेकेदारों को गिरफ्तार कर लिया है। बचाव दल अभी भी मलबे के नीचे फंसे लोगों की तलाश में संकरी गलियों में काम कर रहे हैं।
यह हादसा गली सितारा में चावड़ी बाजार मेट्रो स्टेशन के पास सुबह 9:30 से 10:30 के बीच हुआ, जब साइट पर निर्माण कार्य चल रहा था। शुरुआती बचाव अभियान में 40 वर्षीय किशोरी और 45 वर्षीय संजीत के शव मिले थे। 7 नवंबर तक चले रिकवरी ऑपरेशन में पंकज शर्मा सहित अन्य पीड़ितों को निकाला गया।
पहचाने गए छह मृतकों में संजीत कुमार, किशोरी साह, पंकज शर्मा, विपिन राम, शांतू और दिनेश साह शामिल हैं। इनमें से अधिकतर लोग बिहार के रहने वाले थे।
कानूनी कार्रवाई और नियमों की अनदेखी
पुलिस ने मालिक और उसके सहयोगियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत FIR दर्ज की है। दिल्ली पुलिस ने 8 नवंबर को सैमुल्लाह, जिसे अय्यूब के नाम से भी जाना जाता है, को हिरासत में लिया। इससे पहले तीन अन्य ठेकेदारों को गिरफ्तार किया गया था।
जांच में सामने आया है कि ठेकेदारों ने मजदूरों की इस चेतावनी को नजरअंदाज किया था कि लिंटेल ठीक से नहीं सूखा था। तकनीकी विशेषज्ञों और नागरिक अधिकारियों के अनुसार, सपोर्ट स्ट्रक्चर को समय से पहले हटाने और गैर-इंजीनियर्ड सामग्री के इस्तेमाल से यह हादसा हुआ।
नगर निगम दिल्ली (MCD) ने पुष्टि की कि इस साइट के लिए कोई स्वीकृत बिल्डिंग प्लान नहीं था। इस अनधिकृत निर्माण की अनदेखी के कारण दो नगर निगम अधिकारियों को निलंबित कर दिया गया है।
व्यावसायिक क्षेत्र पर असर
इस आपदा के बाद नेशनल डिजास्टर रिस्पांस फोर्स (NDRF), दिल्ली फायर सर्विसेज और स्थानीय पुलिस ने मिलकर रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया। अन्य संभावित हादसों को रोकने के लिए कई पड़ोसियों को एहतियात के तौर पर घरों से बाहर निकलना पड़ा। जांच के चलते साइट को घेर दिया गया है, जिससे इस ऐतिहासिक जिले के स्थानीय व्यवसाय अस्थायी रूप से प्रभावित हुए हैं।
इस घटना ने पुरानी दिल्ली में नगर अधिकारियों द्वारा जनसंख्या घनत्व और बिल्डिंग मानकों की निगरानी पर बहस छेड़ दी है। सुरक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि कंक्रीट के सूखने का समय और स्ट्रक्चरल डिजाइन की मजबूती ऐसे घने इलाकों में अनिवार्य आवश्यकताएं हैं।
मृतकों के परिवार अपडेट का इंतजार कर रहे हैं। पुलिस टीमें फिलहाल हादसे के अंतिम कारण का पता लगाने के लिए तकनीकी जांच पर ध्यान केंद्रित कर रही हैं। आने वाली कानूनी कार्यवाहियों में सैमुल्लाह और ठेकेदारों के खिलाफ औपचारिक आरोपों पर सुनवाई होगी। अधिकारी आसपास की संपत्तियों की स्थिरता की निगरानी के लिए साइट की निगरानी जारी रखेंगे।









