प्रियंका गांधी वाड्रा ने फरवरी 2027 में होने वाले उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावों के लिए भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की तैयारियों की सीधी निगरानी तेज कर दी है। 3 नवंबर 2026 को गांधी ने अपने आवास पर राज्य के प्रमुख नेतृत्व के साथ तीन घंटे की एक बंद कमरे की बैठक की।
इस बैठक में उत्तर प्रदेश AICC प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम, प्रदेश अध्यक्ष आराधना मिश्रा और कार्यकारी अध्यक्ष इमरान मसूद शामिल थे। चर्चा का मुख्य केंद्र मैनिफेस्टो, कैंपेन, मैनेजमेंट और ओवरऑल कोऑर्डिनेशन के लिए महत्वपूर्ण चुनाव समितियों का गठन करना था।
पार्टी इन संगठनात्मक ढांचों को अंतिम रूप देकर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को सौंपना चाहती है। इन समितियों की औपचारिक घोषणा दिवाली के बाद होने की उम्मीद है।
INDIA गठबंधन और सीट शेयरिंग
गठबंधन रणनीति पर राजेंद्र पाल गौतम ने पुष्टि की कि कांग्रेस और समाजवादी पार्टी (SP) आगामी चुनाव INDIA गठबंधन के तहत एक संयुक्त गठबंधन के रूप में लड़ेंगे। गौतम ने बताया कि कांग्रेस ने विचार के लिए समाजवादी पार्टी को संभावित निर्वाचन क्षेत्रों की एक सूची सौंपी है, जिसमें 175 से 200 सीटें बताई गई हैं।
रणनीतिक ध्यान छोटी और समान विचारधारा वाली राजनीतिक इकाइयों के साथ तालमेल बिठाकर ‘जीतने योग्य’ सीटें सुरक्षित करने पर है। दोनों पार्टियों ने एक संयुक्त चुनावी अभियान शुरू करने की प्रतिबद्धता जताई है। आराधना मिश्रा ने जोर दिया कि पार्टी वर्तमान में उम्मीदवारों और निर्वाचन क्षेत्रों की पहचान को प्राथमिकता दे रही है ताकि राज्य भर में अपनी सौदेबाजी की स्थिति और संगठनात्मक पकड़ मजबूत की जा सके।
एकजुट मोर्चे के बावजूद, सीट शेयरिंग के अनुपात को लेकर आंतरिक चर्चाएं जारी हैं। समाजवादी पार्टी नेतृत्व का कहना है कि सीटों का आवंटन संख्यात्मक मांगों के बजाय उम्मीदवार की जीतने की क्षमता के आधार पर होना चाहिए। इन वार्ताओं में प्रियंका गांधी की केंद्रीय भूमिका रहने की उम्मीद है, जो कांग्रेस और SP प्रमुख अखिलेश यादव के बीच मुख्य संपर्क सूत्र के रूप में काम करेंगी।









