राजस्व टीम पर हुए हिंसक हमले के बाद सुल्तानपुर जिला प्रशासन ने अवैध खनन और अतिक्रमण के खिलाफ बड़ा अभियान शुरू किया है। यह घटना 2 नवंबर 2026 की रात को कोतवाली नगर पुलिस स्टेशन क्षेत्र के रामनगर इमलिया (अमालिया कला) गांव में हुई थी।
नायब तहसीलदार धर्मेंद्र कुमार यादव के नेतृत्व में स्थानीय लेखपालों की एक टीम अवैध मिट्टी खनन की सूचना पर छापेमारी करने पहुंची थी। इस दौरान अवैध गतिविधि में शामिल लोगों ने अधिकारियों पर हमला कर दिया, जिसमें नायब तहसीलदार का पैर टूट गया और दो लेखपाल घायल हो गए।
अवैध निर्माण पर चला बुलडोजर
हमले के जवाब में जिला मजिस्ट्रेट इंद्रजीत सिंह ने तत्काल प्रशासनिक कार्रवाई के आदेश दिए। एसडीएम गरिमा सिंह की देखरेख में पयगपट्टी में ध्वस्तीकरण अभियान चलाया गया। जांच में पुष्टि हुई कि ग्राम पंचायत की जमीन से अवैध मिट्टी खनन किया जा रहा था।
प्रशासन ने बंजर जमीन (गाटा नंबर 201) पर बने एक अवैध टिन शेड को बुलडोजर से ढहाकर अतिक्रमण हटा दिया। क्षेत्र में पहचाने गए अन्य अवैध निर्माणों के लिए नोटिस जारी किए गए हैं।
पुलिस मुठभेड़ और कानूनी कार्रवाई
पुलिस ने कार्रवाई तेज करते हुए 4 नवंबर 2026 तक दो अलग-अलग मुठभेड़ों में पांच लोगों को गिरफ्तार किया है। इन मुठभेड़ के दौरान तीन संदिग्धों के पैरों में गोली लगी, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस ने आरोपियों से अवैध हथियार, गोला-बारूद और एक काली महिंद्रा थार गाड़ी बरामद की है।
माइनिंग इंस्पेक्टर और लेखपालों की शिकायतों के आधार पर 15 अज्ञात व्यक्तियों और कई नामजद संदिग्धों के खिलाफ हत्या के प्रयास सहित अन्य धाराओं में FIR दर्ज की गई है।
- गोदवा रामनगर इमलिया पुलिस चौकी प्रभारी समेत चार पुलिसकर्मियों को लापरवाही के लिए निलंबित किया गया है।
- जिला प्रशासन ने चेतावनी दी है कि आपराधिक गतिविधियों में शामिल सभी लोगों पर सख्त गैंगस्टर एक्ट लगाया जाएगा।









