सपा उम्मीदवार आशुतोष सिन्हा ने वाराणसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र की एमएलसी सीट जीत ली है। उन्होंने भारतीय जनता पार्टी (BJP) के केदारनाथ सिंह को 18,459 वोटों के अंतर से हराया है।
लगभग 50 से 55 घंटे तक चली मतगणना के बाद सिन्हा को कुल 55,046 वोट मिले, जबकि केदारनाथ सिंह को 35,114 वोट मिले। आधिकारिक घोषणा से पहले केदारनाथ सिंह ने सोशल मीडिया पर अपनी हार स्वीकार कर ली थी और मतदाताओं व पार्टी कार्यकर्ताओं का आभार जताया था।
मतगणना के दौरान वोटों का रुझान
वोटों की गिनती के दौरान सिन्हा की बढ़त लगातार बनी रही। नौवें राउंड तक सिन्हा के पास 50,462 वोट और सिंह के पास 33,478 वोट थे, जिससे 16,984 की बढ़त दर्ज हुई। 14वें राउंड तक सपा उम्मीदवार 51,025 वोटों पर पहुंच गए और सिंह के 33,757 वोटों के मुकाबले उनकी बढ़त 17,268 हो गई।
21वें राउंड के बाद सिन्हा ने अपनी रफ्तार बनाए रखी और 52,060 वोट हासिल किए, जबकि बीजेपी उम्मीदवार को 34,766 वोट मिले।
गिनती केंद्र पर विरोध और परिणाम
गिनती के दौरान केदारनाथ सिंह ने मतगणना केंद्र पर धरना दिया था। वहीं एक अन्य उम्मीदवार विकास सिंह ने पारदर्शिता की कमी का आरोप लगाया और दावा किया कि उनके एजेंटों की अनुपस्थिति में वोटों की गिनती की गई।
घोषणा के बाद सपा कार्यकर्ताओं ने पारंपरिक संगीत और उत्सव के साथ जीत का जश्न मनाया। आशुतोष सिन्हा ने अपनी इस जीत को पार्टी के लिए ऐतिहासिक बताया।
यह परिणाम उत्तर प्रदेश विधान परिषद की 11 सीटों के लिए हुए चुनाव का हिस्सा था। अंतिम आंकड़ों के अनुसार बीजेपी ने 6 सीटें जीतीं और समाजवादी पार्टी ने वाराणसी की स्नातक और शिक्षक दोनों सीटों सहित 5 सीटें हासिल कीं।









