बिहार के मधेपुरा में आयोजित खुर्दा महोत्सव के दौरान पूर्णिया सांसद पप्पू यादव का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इस वीडियो में सांसद पप्पू यादव एक सुरक्षाकर्मी को धक्का देकर मंच से नीचे उतारते हुए नजर आ रहे हैं। यह घटना 26 अक्टूबर 2026 को हुई थी।
वीडियो में देखा जा सकता है कि पप्पू यादव ड्यूटी पर तैनात गार्ड को कुछ इशारा करते हैं और फिर उसे शारीरिक रूप से धक्का देकर मंच से बाहर कर देते हैं। बताया जा रहा है कि वह सुरक्षाकर्मी CRPF या बिहार स्पेशल आर्म्ड पुलिस का सदस्य था।
मंच से धक्का दिए जाने के बाद उस सुरक्षाकर्मी ने कोई विरोध नहीं किया और चुपचाप वहां से चला गया। इस पूरी घटना के बाद अब सांसद के व्यवहार पर सवाल उठ रहे हैं।
पूर्व डीजीपी ने जताई कड़ी नाराजगी
जम्मू और कश्मीर के पूर्व पुलिस महानिदेशक (DGP) शेष पॉल वैद ने इस घटना की कड़ी आलोचना की है। उन्होंने कहा कि अगर यह वायरल वीडियो असली है, तो ऐसा व्यवहार बेहद शर्मनाक है।
शेष पॉल वैद ने ड्यूटी पर तैनात पुलिस अधिकारी के साथ इस तरह के बर्ताव को पूरी तरह अनुचित बताया। उन्होंने सुझाव दिया कि अधिकारियों को पप्पू यादव को मिली सुरक्षा कम करने या उसे पूरी तरह वापस लेने पर विचार करना चाहिए।
खुरदा महोत्सव और सार्वजनिक प्रतिक्रिया
यह पूरी घटना खुर्दा महोत्सव के दौरान हुई, जिसकी शुरुआत 18 अक्टूबर 2026 को की गई थी। इस कार्यक्रम में भोजपुरी गायक खेसारी लाल यादव ने प्रस्तुति दी थी, जिसे देखने के लिए भारी भीड़ उमड़ी थी।
इस विशिष्ट घटना के संबंध में सांसद पप्पू यादव की ओर से अभी तक कोई औपचारिक बयान जारी नहीं किया गया है। हालांकि, सोशल मीडिया और आम जनता के बीच इस व्यवहार की व्यापक आलोचना हो रही है।
सुरक्षा कवर को लेकर विवाद
पप्पू यादव की सुरक्षा लंबे समय से कानूनी और राजनीतिक विवाद का विषय रही है। उनकी सुरक्षा को लेकर अब तक निम्नलिखित घटनाक्रम रहे हैं:
- सितंबर 2025 में उनका Y+ सुरक्षा कवर वापस ले लिया गया था, जिसे उन्होंने अपने जीवन के खिलाफ साजिश बताया था।
- मई 2026 में पटना हाई कोर्ट ने फैसला सुनाया कि सुरक्षा घटाने का बिहार सरकार का निर्णय मनमाना था और इसमें उचित मूल्यांकन की कमी थी।
- कोर्ट के आदेश के बाद उनकी Y+ सुरक्षा को फिर से बहाल कर दिया गया।
सांसद ने इससे पहले सुरक्षा खतरों को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री, हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट के समक्ष अपनी चिंताएं जताई थीं।









