शाहजहाँपुर के हनुमान धाम रोड पर स्थित विजन इंटरनेशनल स्कूल में दशहरा का त्योहार पूरी श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। इस अवसर पर स्कूल के प्लेग्रुप से लेकर कक्षा आठ तक के विद्यार्थियों ने विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों में हिस्सा लिया।
कार्यक्रम के दौरान छोटे बच्चों ने भगवान राम, सीता, लक्ष्मण और भगवान हनुमान के रूप में सजकर अपनी शानदार प्रस्तुतियां दीं। इन प्रस्तुतियों ने उपस्थित सभी लोगों का मन मोह लिया।
रावण दहन और सांस्कृतिक आदर्शों का संदेश
स्कूल कैंपस में रावण के पुतले का दहन किया गया, जो बुराई पर अच्छाई और झूठ पर सच्चाई की जीत का प्रतीक है। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य भारतीय संस्कृति और भगवान राम के आदर्शों को बच्चों के बीच बढ़ावा देना था।
इस मौके पर उपस्थित सभी अतिथियों और शिक्षकों ने सत्य, साहस और धर्म के मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि दशहरे का असली मतलब अपने अंदर के अहंकार, क्रोध और बुराइयों को त्यागकर प्रेम और मानवता को अपनाना है।
प्रमुख अतिथियों की उपस्थिति और प्रधानाचार्य के विचार
इस कार्यक्रम में कई गणमान्य लोग शामिल हुए, जिनमें ददरौल विधायक Arvind Singh, व्यापार मंडल अध्यक्ष Sachin Batham और स्कूल मैनेजर Navneet Kumar Rastogi मुख्य थे। इनके साथ ही वरिष्ठ पत्रकार Abhinay Gupta, VIP ग्रुप जिला अध्यक्ष Neetu Gupta, Manorama Singh और Navneet Singh भी मौजूद रहे।
प्रधानाचार्य Deepmala Rastogi ने कहा कि दशहरा नैतिक आचरण के लिए एक प्रेरणा है। उन्होंने जोर दिया कि बच्चों में अच्छे संस्कारों को विकसित करना ही सच्ची शिक्षा का सार है। उन्होंने विश्वास जताया कि आज के संस्कारी बच्चे ही भविष्य में एक बेहतर समाज का निर्माण करेंगे।
विद्यार्थियों और शिक्षकों का योगदान
सांस्कृतिक कार्यक्रमों में हिस्सा लेने वाले विद्यार्थियों की सूची इस प्रकार है:
- Shatakshi Rastogi, Angel, Sanidhya, Siddhiya, Avni Gupta
- Vaishnavi, Naisha, Bihana, Charu, Vani, Avni Yadav
- Pratishtha, Kritika, Bandita, Pahal, Eliza, Ishani, Dava और Shanvi
इस पूरे आयोजन को सफल बनाने में स्कूल के शिक्षकों की अहम भूमिका रही। इसमें Anshika Batham, Mansi Rohra, Charu Agnihotri, Neelam Yadav, Fiza Khan, Farheen Khan, Agrima Gupta, Shruti Chaurasia, Vanshika Saxena, Mukta Mathur, Yusra Khan, Chetali Gupta, Nancy Batham, Ashifa Khan और Sana Siddiqui ने कड़ी मेहनत की।

























