बिहार के वैशाली जिले में एक दर्दनाक नाव हादसे में 13 लोगों की जान चली गई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस घटना पर गहरा दुख जताया है।
यह हादसा मंगलवार, 13 अक्टूबर 2026 की शाम को हुआ। रामपुर श्यामचंद पंचायत के भक्तन टोला में माता महारानी स्थान के पास गंगा नदी में एक नाव पलट गई।
जानकारी के अनुसार, नाव की हालत जर्जर थी और उसमें क्षमता से अधिक लोग सवार थे। इस नाव में 20 से 30 यात्री सवार थे, जिनमें मुख्य रूप से बच्चे और युवा थे, जो एक भोज में शामिल होने जा रहे थे।
मृतकों और घायलों के लिए आर्थिक सहायता
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस त्रासदी के बाद आर्थिक मदद की घोषणा की है। प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष (PMNRF) से मृतकों के परिजनों को 2 लाख रुपये की सहायता राशि दी जाएगी।
इसके साथ ही, हादसे में घायल हुए प्रत्येक व्यक्ति को 50,000 रुपये की मदद प्रदान की जाएगी। प्रधानमंत्री ने शोक संतप्त परिवारों के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त की हैं।
उन्होंने घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की है। उन्होंने यह भी कहा कि स्थानीय प्रशासन द्वारा प्रभावितों को हर संभव मदद पहुंचाई जा रही है।
राज्य सरकार की मदद और बचाव कार्य
बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने अलग से मुआवजे का ऐलान किया है। मुख्यमंत्री ने पीड़ितों के परिवारों के लिए 4 लाख रुपये की राज्य स्तरीय सहायता राशि देने की घोषणा की है।
मुख्यमंत्री चौधरी ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि राहत कार्यों में तेजी लाई जाए। उन्होंने घायल लोगों के लिए उच्च गुणवत्ता वाले चिकित्सा उपचार को सुनिश्चित करने के कहा है।
इस घटना पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने भी गहरा दुख प्रकट किया है।
रेस्क्यू ऑपरेशन और नियमों का उल्लंघन
विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव ने बताया कि अब तक बचाव अभियान के दौरान 14 शव बरामद किए जा चुके हैं। इस ऑपरेशन में जिला प्रशासन, स्थानीय पुलिस और राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (SDRF) शामिल हैं।
वैशाली की जिला मजिस्ट्रेट वर्षा सिंह ने पुष्टि की है कि रेस्क्यू ऑपरेशन अभी भी जारी है। रिपोर्ट्स के अनुसार, नदी में रात के समय नौका संचालन पर प्रतिबंध था, फिर भी यह नाव चल रही थी।









