शाहजहांपुर के जललाबाद तहसील के सिकंदरपुर अफगान में अवैध रूप से जमीन विकसित करने और प्लॉटिंग करने का मामला सामने आया है। इस संबंध में शिकायतकर्ता राजेंद्र कुमार शुक्ला ने जिला मजिस्ट्रेट को एक औपचारिक शिकायत पत्र सौंपा है।
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि रमेश चंद्र (alias चंदन), मनीष कालरा और श्रवण कुमार नाम के भू-माफिया कृषि भूमि पर अवैध तरीके से प्लॉटिंग का काम कर रहे हैं। यह पूरी गतिविधि गाटा संख्या 92 वाली जमीन पर की जा रही है।
वक्फ बोर्ड की जमीन पर अवैध कब्जा
शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया है कि इन आरोपियों ने सरकारी स्वामित्व वाली वक्फ बोर्ड की जमीन पर कब्जा कर लिया है। यह जमीन गाटा संख्या 98 के अंतर्गत आती है।
आरोप है कि भू-माफियाओं ने अपने निजी प्लॉटों के लिए रास्ता बनाने के उद्देश्य से इस वक्फ संपत्ति का उपयोग किया है। इस तरह सरकारी जमीन को निजी फायदे के लिए कब्जाया गया है।
नियमों की अनदेखी और बुनियादी सुविधाओं का अभाव
शिकायत में यह बात कही गई है कि कृषि भूमि को गैर-कृषि भूमि में बदलने के लिए जरूरी सेक्शन 80 की मंजूरी नहीं ली गई है। बिना किसी कानूनी अनुमति के ही अवैध प्लॉटिंग का काम आगे बढ़ाया जा रहा है।
विकास कार्य में बुनियादी सुविधाओं की भारी कमी है। यहाँ न तो जल निकासी की व्यवस्था है और न ही पक्की सड़कें बनाई गई हैं, फिर भी प्लॉटों की बिक्री लगातार जारी है।
प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल
राजेंद्र कुमार शुक्ला ने स्थानीय प्रशासन और तहसील के अधिकारियों की निष्क्रियता की कड़ी आलोचना की है। उन्होंने सवाल उठाया है कि बिना अधिकारियों की मिलीभगत या लापरवाही के इतने बड़े पैमाने पर अवैध गतिविधियां कैसे संभव हैं।
याचिकाकर्ता ने जिला मजिस्ट्रेट से इस पूरे मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की है। उन्होंने आग्रह किया है कि वक्फ संपत्ति पर हुए कब्जे और अनधिकृत भूमि विकास की गहन जांच की जाए।









