गौरीगंज विधानसभा सीट से विधायक राकेश प्रताप सिंह 14 अक्टूबर को औपचारिक रूप से भारतीय जनता पार्टी (BJP) में शामिल होंगे। 2027 के विधानसभा चुनावों से पहले अमेठी में राजनीतिक गतिविधियां काफी तेज हो गई हैं।
इस शामिल होने के कार्यक्रम का आयोजन गौरीगंज में स्थित उनके निवास ‘मंगलम’ के पास किया जाएगा। इस समारोह को लेकर स्थानीय स्तर पर तैयारियां जोर-शोर से चल रही हैं।
इस कार्यक्रम में भाजपा के कई बड़े नेताओं के आने की उम्मीद है। इसमें भाजपा प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी और पूर्व केंद्रीय मंत्री व भाजपा राष्ट्रीय महासचिव स्मृति ईरानी शामिल हो सकती हैं।
अन्य विधायकों के शामिल होने की चर्चा
राजनीतिक गलियारों में यह चर्चा भी है कि राकेश प्रताप सिंह के साथ अयोध्या-गोशैंगज के विधायक अभय सिंह और कालपी के विधायक विनोद चतुर्वेदी भी भाजपा में शामिल हो सकते हैं।
हालांकि, भाजपा ने अभी तक अभय सिंह और विनोद चतुर्वेदी के शामिल होने के संबंध में कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की है। इन नेताओं की मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ हालिया मुलाकात के बाद राजनीतिक चर्चाएं काफी बढ़ गई हैं।
राकेश प्रताप सिंह का राजनीतिक सफर
राकेश प्रताप सिंह का राजनीतिक प्रभाव गौरीगंज में काफी मजबूत रहा है। वह साल 2012 से लगातार गौरीगंज विधानसभा सीट से जीत हासिल कर रहे हैं।
समाजवादी पार्टी (SP) के साथ उनके रिश्ते तब खराब हुए जब उन्होंने फरवरी 2024 के राज्यसभा चुनावों में भाजपा उम्मीदवार के पक्ष में वोट दिया। इस कदम के बाद समाजवादी पार्टी ने जून 2025 में उन्हें पार्टी से निष्कासित कर दिया था। इसके बाद से वह विधानसभा में निर्दलीय विधायक के रूप में कार्य कर रहे थे।
स्थानीय समीकरण और तैयारियां
राकेश प्रताप सिंह की भाजपा में औपचारिक एंट्री से गौरीगंज और पूरे अमेठी क्षेत्र के स्थानीय राजनीतिक समीकरण बदलने की उम्मीद है। इस कार्यक्रम को लेकर स्थानीय लोगों और पार्टी कार्यकर्ताओं में काफी उत्सुकता है।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों के जुटने की संभावना है, जिनमें मुख्य रूप से ये लोग शामिल होंगे:
- गांव के प्रधान और जिला पंचायत सदस्य
- ब्लॉक प्रमुख और भाजपा के वरिष्ठ अधिकारी
- पार्टी कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में समर्थक









