Skip to main content

Naradsamvad

संभल में डिजिटल हाउस अरेस्ट धोखाधड़ी का पर्दाफाश, रिटायर्ड सब-इंस्पेक्टर के 6 लाख रुपये बरामद

Naradsamvad
Naradsamvad - Narad news Agency
3 Min Read

संभल की साइबर क्राइम पुलिस ने ऑनलाइन धोखाधड़ी के एक मामले में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने उत्तर प्रदेश पुलिस के एक रिटायर्ड सब-इंस्पेक्टर के 6,00,000 रुपये बरामद कर लिए हैं। पीड़ित व्यक्ति इस डिजिटल धोखाधड़ी का शिकार हुए थे।

Ad image

पीड़ित की पहचान 70 वर्षीय नरेंद्र कुमार के रूप में हुई है। वह प्रकाश चंद्र के पुत्र हैं और संभल के चन्दौसी स्थित मोहल्ला ढोलबयान के निवासी हैं। उनके साथ जालसाजों ने बेहद शातिर तरीके से ठगी की थी।

धोखाधड़ी करने वाले अज्ञात लोगों ने नरेंद्र कुमार को ‘डिजिटल हाउस अरेस्ट’ के जाल में फंसाया था। जालसाजों ने उन्हें शारीरिक नुकसान पहुंचाने की धमकी दी थी ताकि वह अपनी पेंशन के पैसों से उन्हें रकम दे सकें।

ALSO READ  राज्यपाल आनंदीबेन पटेल का शाहजहांपुर दौरा, डीएम ने किया कार्यक्रम स्थलों का निरीक्षण

पेंशन के पैसों की ठगी और कानूनी कार्रवाई

इस पूरी साजिश के तहत पीड़ित नरेंद्र कुमार से कुल 16,00,000 रुपये की चोरी की गई थी। इस गंभीर मामले के बाद संभल साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन में केस नंबर 05/2026 दर्ज किया गया।

पुलिस ने यह मामला BNS की धाराओं 318(4), 319(2) और 308 के साथ-साथ IT एक्ट की धारा 66-D के तहत दर्ज किया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल जांच शुरू की गई।

पुलिस की जांच और आरोपी की गिरफ्तारी

संभल के सुपरिंटेंडेंट ऑफ पुलिस विकास चंद्र त्रिपाठी के निर्देशों के बाद साइबर क्राइम स्टेशन प्रभारी के नेतृत्व में एक टीम बनाई गई। इस टीम ने मामले को सुलझाने के लिए कई राज्यों का दौरा किया और गहन जांच की।

ALSO READ  वोट चोरी के आरोपों पर बोले संबित पात्रा, 13 करोड़ वोटर हटाने को बताया नियम आधारित प्रक्रिया

जांच के दौरान पता चला कि चोरी की गई रकम में से 6,00,000 रुपये राजेश कुमार के पुत्र प्रिंस कुमार के खाते में ट्रांसफर किए गए थे। प्रिंस कुमार हरियाणा के कैथल के निर्मल मोहल्ला, वार्ड नंबर 06 का निवासी है।

पुलिस को पता चला कि प्रिंस कुमार का वर्तमान पता प्रताप थ्री नगर, सिरोल रोड, इंडसइंड बैंक के पास, सिरोल, ग्वालियर, मध्य प्रदेश है। पुलिस टीम ने उसे पकड़कर संभल साइबर क्राइम स्टेशन लाया।

लोन के नाम पर हुई गलती और रकम की वापसी

पूछताछ के दौरान प्रिंस कुमार ने बताया कि उसने Next Zen Finance नाम की कंपनी की वेबसाइट के जरिए ऑनलाइन लोन के लिए आवेदन किया था। उसे लगा कि उसके खाते में आए 6,00,000 रुपये लोन की राशि है।

ALSO READ  मेरठ के नौचंदी थाने की लॉकअप से जेबकतरा अरशद उर्फ जोजो के फरार होने की खबर, पुलिस ने नहीं की पुष्टि

प्रिंस कुमार ने यह दावा किया कि उसने वह रकम गलती से लोन मानकर पहले ही खर्च कर दी थी। पुलिस ने उचित कार्रवाई करते हुए RTGS के जरिए 6,00,000 रुपये वापस नरेंद्र कुमार के खाते में ट्रांसफर करवा दिए।

अधिकारियों ने पुष्टि की है कि इस धोखाधड़ी में बची हुई 10,00,000 रुपये की राशि को बरामद करने के लिए जांच अभी भी जारी है।

Share This Article
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Home
Search
अपना ज़िला चुनें
error: Content is protected !!