भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने उत्तर प्रदेश में होने वाले आगामी राज्यसभा चुनावों के लिए अपने उम्मीदवारों की आधिकारिक सूची जारी कर दी है। पार्टी ने राज्य के विभिन्न राजनीतिक और सामाजिक क्षेत्रों से आने वाली आठ प्रमुख हस्तियों के नामों की घोषणा की है।
इस सूची में शामिल किए गए आठ उम्मीदवार उत्तर प्रदेश के अलग-अलग क्षेत्रों और सामाजिक वर्गों का प्रतिनिधित्व करते हैं। बीजेपी ने इसमें मंत्रियों, पूर्व सांसदों, अधिवक्ताओं और संगठन के अनुभवी पदाधिकारियों को जगह दी है।
मंत्रियों और कानूनी विशेषज्ञों को प्राथमिकता
सूची में पहला नाम धर्मपाल सिंह का है। वह वर्तमान में उत्तर प्रदेश सरकार में पशुपालन मंत्री के रूप में कार्यरत हैं। वह बरेली की औनला सीट से मौजूदा विधायक हैं और लगातार दो बार मंत्री रह चुके हैं।
वहीं, प्रयागराज से राधाकांत ओझा को उम्मीदवार बनाया गया है। वह प्रयागराज में इलाहाबाद हाई कोर्ट बार एसोसिएशन के वरिष्ठ अधिवक्ता हैं। ओझा इस एसोसिएशन के अध्यक्ष दो बार चुने जा चुके हैं।
संगठन और पिछड़े वर्ग के नेताओं पर भरोसा
बीजेपी ने प्रकाश पाल को भी इस लिस्ट में शामिल किया है। वह उत्तर प्रदेश में बीजेपी ओबीसी मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष हैं। इससे पहले वह कानपुर-बुंदेलखंड क्षेत्र के क्षेत्रीय अध्यक्ष रह चुके हैं और वर्तमान में पार्टी के संगठनात्मक ढांचे को मजबूत करने का काम कर रहे हैं।
पार्टी ने अनुभवी संगठनकर्ता गोपी कृष्ण पांडेय को भी मौका दिया है। पांडेय को जमीनी स्तर पर संगठन के काम और चुनाव अभियान के प्रबंधन में उनकी लंबी समर्पित सेवा के लिए जाना जाता है।
दलित और महिला नेतृत्व को प्रतिनिधित्व
जौनपुर के प्रमुख दलित नेता विद्या सागर सोनकर को राज्यसभा के लिए चुना गया है। उनका राजनीतिक अनुभव काफी व्यापक है, क्योंकि वह पूर्व सांसद (MP), पूर्व विधान परिषद सदस्य (MLC) और विधान परिषद के पूर्व उपनेता रह चुके हैं। उन्होंने लोकसभा में मछलीशहर का प्रतिनिधित्व भी किया है और पार्टी के प्रदेश महासचिव के रूप में कार्य किया है।
महिला प्रतिनिधित्व के तौर पर प्रियंका सिंह रावत का नाम सूची में है। वह बाराबंकी निर्वाचन क्षेत्र से पूर्व सांसद रही हैं और 16वीं लोकसभा में सदस्य थीं। वह वर्तमान में राष्ट्रीय और राज्य स्तर पर संगठनात्मक भूमिकाओं में सक्रिय हैं।
क्षेत्रीय प्रभाव और सामाजिक सक्रियता
पश्चिमी उत्तर प्रदेश के प्रभारी और बीजेपी के प्रदेश महासचिव राम प्रताप सिंह चौहान को भी उम्मीदवार बनाया गया है। वह साल 2017 से 2022 तक आगरा की एतमादपुर विधानसभा सीट से विधायक थे।
सूची का आखिरी नाम श्रुति गंगवार का है। वह बरेली में अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक की चेयरपर्सन हैं और एक सामाजिक कार्यकर्ता हैं। वह आईआईटी स्नातक हैं और बरेली-बहेरी क्षेत्र के राजनीतिक और सामाजिक दायरे में काफी सक्रिय हैं। वह वरिष्ठ बीजेपी नेता और झारखंड तथा आंध्र प्रदेश के वर्तमान राज्यपाल संतोष गंगवार की बेटी हैं।

























