अमेठी के जिला मजिस्ट्रेट शशांक चौधरी ने बुधवार को धान खरीद केंद्रों और सहकारी समितियों का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने जैस मंडी समेत कई केंद्रों का दौरा किया ताकि धान खरीद और खाद वितरण में पारदर्शिता और कुशलता सुनिश्चित की जा सके।
निरीक्षण के दौरान उन्होंने खरीद की प्रगति, किसानों को मिलने वाली सुविधाओं और यूरिया व DAP की उपलब्धता की समीक्षा की। जैस मंडी के केंद्रों पर उन्होंने मॉइश्चर मीटर, POS मशीन, इलेक्ट्रॉनिक कांटे, छलनी और गन बैग की उपलब्धता की जांच की। उन्होंने निर्देश दिया कि किसानों को किसी भी तरह की असुविधा न हो, इसके लिए सभी केंद्र सरकारी मानकों का पालन करें।
दौरे के दौरान जिला मजिस्ट्रेट ने पहली बार धान बेचने वाले किसानों मार्टंड प्रताप सिंह और कृष्ण कुमार गिरि को माला, शॉल और मिठाई भेंट कर सम्मानित किया।
लापरवाही पर कार्रवाई और खाद वितरण के निर्देश
जैस मंडी के एक केंद्र पर POS मशीन न मिलने पर जिला मजिस्ट्रेट ने नाराजगी जताई और केंद्र प्रभारी को इसे तुरंत उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। जिन केंद्रों पर संपर्क रजिस्टर नहीं मिले, वहां उन्हें जल्द तैयार करने के आदेश दिए गए।
चौधरी ने ओडारी, निगौहा और सैंबसी सहकारी समितियों का भी निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को किसानों के साथ निरंतर संपर्क बनाए रखने और धान खरीद को अधिकतम करने का निर्देश दिया।
खाद वितरण के संबंध में उन्होंने जोर दिया कि यूरिया और DAP किसानों की जरूरत और तय मानकों के अनुसार ही दिए जाएं। उन्होंने किसानों को भरोसा दिलाया कि जिले में खाद पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है और अफवाहों पर ध्यान न दें।
अमेठी में 115 धान खरीद केंद्र बनाए गए हैं, जिनका संचालन 1 नवंबर से शुरू हुआ है। धान खरीद या खाद वितरण से जुड़ी शिकायतों के लिए किसान 9415885533 या 6394492524 पर संपर्क कर सकते हैं।
इस निरीक्षण में जिला खाद्य एवं विपणन अधिकारी प्रज्ञा मिश्रा, सहायक आयुक्त एवं सहायक निबंधक सहकारी अरविंद यादव और अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद थे।









