बाराबंकी के रामनगर तहसील के त्रिलोकपुर कस्बे में बुखार का गंभीर प्रकोप फैलने से लोगों में भारी डर है। यहाँ बुखार से पीड़ित आलोक द्विवेदी की मौत हो गई है, हालांकि उनकी मृत्यु का आधिकारिक कारण अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है। वायरल संक्रमण के संदेह में अब तक 50 से ज्यादा लोग बीमार हो चुके हैं।
बुधवार को स्वास्थ्य विभाग की एक टीम ने कस्बे में मेडिकल कैंप लगाया, जहाँ 74 मरीजों का इलाज किया गया और जांच के लिए 64 लोगों के ब्लड सैंपल लिए गए। CHC अधीक्षक डॉ. प्रणव कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग मरीजों के इलाज के लिए मेडिकल कैंप चलाना जारी रखेगा। उन्होंने संक्रमण रोकने के लिए स्वच्छता बनाए रखने की जरूरत पर जोर दिया है।
गंदगी और सफाई व्यवस्था पर नाराजगी
मेडिकल मदद के बावजूद निवासी और कारोबारी इलाके की बिगड़ती सफाई व्यवस्था को लेकर गहरी चिंता जता रहे हैं। मुख्य बाजार और रिहायशी इलाकों में कूड़े के ढेर और खरपतवार से भरी नालियां दिख रही हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि बुधवार को करीब आधा दर्जन सफाईकर्मियों की एक छोटी टीम आई थी, लेकिन उन्होंने केवल दिखावे की सफाई की और ज्यादातर इलाकों को वैसा ही छोड़ दिया। कचरे और रुके हुए पानी से मच्छरों के पनपने और संक्रमण बढ़ने का खतरा बढ़ गया है।
त्रिलोकपुर व्यापार मंडल के पदाधिकारियों और राजन गुप्ता, सुदीप गुप्ता, प्रिंस, पुष्पेंद्र, ताज मोहम्मद, विनोद गुप्ता, शफीक और रिजवान समेत स्थानीय व्यापारियों ने इस स्थिति पर गुस्सा जताया है। उन्होंने औपचारिक रूप से निम्नलिखित मांगें रखी हैं:
- नियमित सफाई व्यवस्था की जाए।
- नालियों से खरपतवार हटाई जाए।
- कूड़े का सही तरीके से निपटारा हो।
- एंटी-लार्वा स्प्रे और फॉगिंग कराई जाए।
व्यापारियों ने चेतावनी दी है कि अगर सफाई की मांगों को पूरा नहीं किया गया, तो वे विरोध प्रदर्शन करेंगे।









