बाराबंकी के रामनगर स्थित समाज शिक्षा केंद्र में रविवार रात 8:00 बजे गणेशपुर की श्री रामलीला कमेटी की एक महत्वपूर्ण योजना बैठक हुई। इस बैठक की अध्यक्षता संरक्षक सतीश चंद्र अग्रवाल ने की, जिसमें वार्षिक रामलीला उत्सव को सफलतापूर्वक संपन्न कराने के लिए पूरी रणनीति तैयार की गई।
बैठक के दौरान कई प्रस्ताव पारित किए गए और कमेटी के पदाधिकारियों व सदस्यों को अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी गईं। कमेटी ने निर्णय लिया कि उत्सव के दौरान प्रतिदिन रामायण का पाठ किया जाएगा।
कार्यक्रमों की सजावट और राम बरात का मार्ग
कार्यक्रमों की सुंदरता और व्यवस्था के लिए सूरज सैनी को जिम्मेदारी दी गई है। वे धनुष यज्ञ, राम बरात, भरत मिलाप और राजगद्दी कार्यक्रमों की सजावट का काम संभालेंगे।
राम बरात के मार्ग और ठहराव को लेकर भी निर्णय लिए गए। राम बरात का पहला पड़ाव मियातपुर गांव में संजय मिश्रा की फैक्ट्री पर होगा। यहां पाठक जी सुंदरकांड के पाठ और प्रसाद वितरण की देखरेख करेंगे। इसके बाद दूसरा पड़ाव रामचंद्र हबीब के निवास पर होगा, जहां भक्तों के बीच प्रसाद बांटा जाएगा।
मंच संचालन और तकनीकी व्यवस्थाएं
राम बरात की रात को होने वाले रावण वध के मंचन का प्रबंधन जितेंद्रनाथ मिश्रा, शिवा पांडे और अनुज पांडे करेंगे। मंच पर होने वाले सभी प्रदर्शनों के निर्देशन का काम सुनीत शुक्ला को सौंपा गया है।
निर्देशन कार्य में उनकी मदद सुधांशु मिश्रा, हिमांशु मिश्रा और मोहम्मद हफीज करेंगे। सोशल मीडिया पर प्रसार के लिए विशाल दीक्षित और प्रवेश धीमान हर दिन के प्रदर्शन की वीडियो रिकॉर्डिंग करेंगे। साथ ही लाइटिंग की व्यवस्था को भी अंतिम रूप दे दिया गया है।
प्राइज कूपन कमेटी और अन्य महत्वपूर्ण निर्णय
बैठक में एक प्राइज कूपन कमेटी का गठन किया गया है, जिसके अध्यक्ष ललित अवस्थी उर्फ दीनू अवस्थी को बनाया गया है। इस कमेटी में निम्नलिखित सदस्य शामिल हैं:
- जतिन मिश्रा और शिवा पांडे
- अंकुर मिश्रा और सत्यम वाजपेयी
- अमित मिश्रा और भोला रावत
- मदन सोनी, अमित शुक्ला और कुशाग्र जैन
कमेटी ने यह नियम तय किया है कि अधिकारी अपने नाम पर प्राइज कूपन नहीं लेंगे और कूपन से जुड़े सभी अंतिम फैसले रामलीला कमेटी ही लेगी।
निर्माण और मरम्मत के लिए फंड की व्यवस्था
कमेटी ने रावण बाग में कई सालों से रखे पुराने और जर्जर रावण पुतले के ढांचे को बेचने का प्रस्ताव मंजूर किया है। इस ढांचे को बेचकर जो पैसा मिलेगा, उसका इस्तेमाल मरम्मत के काम में किया जाएगा।
रामलीला रथ ले जाने वाले व्यक्तियों के लिए यह नियम बनाया गया है कि उन्हें रसीद प्राप्त करने के लिए कमेटी को 1,100 रुपये का शुल्क देना होगा। इसके अलावा, रामलीला समाप्त होने के बाद पुराने और जर्जर ड्रेसिंग रूम को गिराने पर सहमति बनी है ताकि वहां नया निर्माण किया जा सके।
इस पूरी बैठक में कमेटी के अध्यक्ष प्रवीण कुमार अवस्थी और अन्य सभी सदस्य मौजूद रहे।









