दिल्ली में INDIA गठबंधन के एक विरोध प्रदर्शन के दौरान उत्तर प्रदेश कांग्रेस के प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम ने भारत निर्वाचन आयोग पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग अब निष्पक्ष नहीं रहा और वह सत्ताधारी पार्टी के इशारों पर काम कर रहा है।
राजेंद्र पाल गौतम ने स्पष्ट किया कि पुलिस अधिकारियों, मुख्य चुनाव आयुक्त, चुनाव आयुक्तों, मुख्यमंत्रियों, मंत्रियों, प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति के पास जो शक्तियां हैं, वे केवल संविधान से मिलती हैं। ये शक्तियां किसी की निजी संपत्ति नहीं हैं और न ही इन्हें भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने प्रदान किया है।
चुनाव आयोग और लोकतंत्र पर गंभीर आरोप
भीड़ को संबोधित करते हुए राजेंद्र पाल गौतम ने सीधे तौर पर चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि ज्ञानेश कुमार ने चुनाव आयोग को भाजपा की ‘बी-टीम’ में बदल दिया है।
गौतम ने आगे कहा कि इस तरह का आचरण देश में लोकतंत्र की हत्या करने जैसा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस पार्टी का संघर्ष देश के लोकतंत्र को बचाने के लिए केंद्रित है।
बीजेपी सरकार और ब्रिटिश शासन की तुलना
राजेंद्र पाल गौतम ने वर्तमान प्रशासन की तुलना अंग्रेजों के शासन से की। उन्होंने कहा कि जिस तरह अंग्रेजों को लगता था कि उनकी सत्ता कभी खत्म नहीं होगी, लेकिन बाद में कांग्रेस पार्टी ने इसे गलत साबित कर दिया, ठीक वैसा ही भ्रम आज की बीजेपी सरकार को है।
उन्होंने दावा किया कि वर्तमान बीजेपी सरकार को गलत तरीके से लगता है कि उनका कार्यकाल स्थायी है। गौतम के अनुसार, बीजेपी सरकार के पतन की शुरुआत पहले ही हो चुकी है।
वोटर लिस्ट में गड़बड़ी और जनता का जवाब
कांग्रेस नेता ने चेतावनी दी कि आम जनता सत्ताधारी दल को माफ नहीं करेगी। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार योजनाबद्ध तरीके से मतदाताओं को निशाना बना रही है और चुनावी सूचियों से लोगों के नाम हटा रही है।
राजेंद्र पाल गौतम ने अपनी बात खत्म करते हुए कहा कि इन सभी कार्यों के लिए जनता द्वारा पार्टी को जवाबदेह ठहराया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि वोटर लिस्ट से नाम हटाने जैसे कृत्यों का हिसाब देना होगा।









