बहराइच जिले के सुजाउली थाना क्षेत्र के मटेही गांव में एक तेंदुए ने घर में घुसकर हमला कर दिया। इस दौरान तेंदुए ने दादी की गोद में बैठे एक छोटे बच्चे को छीनने की कोशिश की, जिससे बच्चे के सिर में गंभीर चोटें आई हैं।
चीख-पुकार सुनकर परिवार के सदस्य लाठी और डंडों के साथ मौके पर पहुंचे, जिसके बाद तेंदुआ वहां से भाग गया। घायल बच्चे को तुरंत इलाज के लिए ले जाया गया और बाद में उसे आगे के उपचार के लिए मोतीपुर के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) रेफर कर दिया गया।
बहराइच में वन्यजीव संघर्ष की बढ़ती घटनाएं
यह घटना बहराइच जिले, खासकर कतरनियाघाट वन्यजीव प्रभाग में तेंदुए की गतिविधियों को लेकर बढ़ती चिंताओं के बीच हुई है। बहराइच के वन अधिकारियों ने 2026 के दौरान मानव-वन्यजीव संघर्ष की कई घटनाओं को दर्ज किया है।
गौरतलब है कि 30 अक्टूबर 2026 को मोतीपुर रेंज में गन्ने के खेत में काम कर रहे 45 वर्षीय किसान केन्नू तेंदुए के हमले में गंभीर रूप से घायल हो गए थे। इस विशिष्ट घटना की जांच की जा रही है।
वन विभाग ने बढ़ाई सतर्कता
खतरे को देखते हुए कतरनियाहट वन्यजीव प्रभाग के प्रभागीय वन अधिकारी (DFO) अपूर्वा दीक्षित ने बताया कि विभाग ने निम्नलिखित कदम उठाए हैं:
- गश्त और निगरानी तेज कर दी गई है।
- वन्यजीवों की आवाजाही पर नजर रखने के लिए कैमरा ट्रैप लगाए गए हैं।
- सामुदायिक जागरूकता अभियान शुरू किया गया है।
वन अधिकारियों ने ग्रामीणों और किसानों से अपील की है कि वे फसल कटाई के सीजन के दौरान गन्ने या धान के खेतों में अकेले जाने से बचें और शिकारियों के संभावित हमलों के प्रति सतर्क रहें।









