बाराबंकी जिले की एक विशेष POCSO कोर्ट ने दुष्कर्म के मामले में राजू नाम के व्यक्ति को उम्रकैद की सजा सुनाई है। दोषी राजू, यसीन का बेटा है और वह फतेहपुर के इसरौली इलाके का निवासी है।
POCSO एक्ट के विशेष सत्र न्यायाधीश ज्ञान प्रकाश शुक्ला ने इस मामले में अपना फैसला सुनाया। कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि दोषी राजू को अपनी पूरी प्राकृतिक उम्र जेल में बितानी होगी।
अदालत का फैसला और आर्थिक दंड
विशेष सत्र न्यायाधीश ने केस क्राइम नंबर 126/2024 की सुनवाई करते हुए यह फैसला दिया। अदालत ने दोषी को उम्रकैद की सजा देने के साथ-साथ आर्थिक दंड भी लगाया है।
कोर्ट ने दोषी पर 1,07,000 रुपये का जुर्माना लगाया है। यह पूरी कानूनी कार्यवाही कोर्ट नंबर 46 में चली, जिसकी अध्यक्षता विशेष सत्र न्यायाधीश ने की थी।
पुलिस केस और लगाई गई कानूनी धाराएं
यह मामला फतेहपुर पुलिस स्टेशन में दर्ज किया गया था। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय दंड संहिता और अन्य गंभीर कानूनों के तहत मामला दर्ज किया था।
दोषी पर निम्नलिखित धाराओं के तहत आरोप तय किए गए थे:
- भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 34, 323, 342, 376-DA और 506
- POCSO एक्ट की धारा 5(g)/6
- अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) एक्ट की धारा 3(2)(v)
- इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी (IT) एक्ट की धारा 67(a)
यह फैसला नाबालिगों के खिलाफ होने वाले अपराधों को रोकने और कानूनी जवाबदेही तय करने के प्रति न्यायिक प्रतिबद्धता को दर्शाता है।









