अमेठी जिले के प्रशासन ने प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना (PMUY) से जुड़ी एक शिकायत को जनसुनवाई के महज 24 घंटे के भीतर सुलझा लिया है। इस मामले में एक महिला को केंद्र सरकार की इस योजना के तहत गैस कनेक्शन मिलने में आ रही समस्या को दूर किया गया है।
शिकायतकर्ता उषा देवी अमेठी तहसील के धर्मतेपुर धम्मौर की निवासी हैं। उन्होंने प्रशासन को बताया कि वे इस योजना के तहत एलपीजी कनेक्शन के लिए पंजीकृत थीं, लेकिन उन्हें भौतिक रूप से गैस सिलेंडर नहीं मिला था।
गैस एजेंसी की लापरवाही और डीएम का निर्देश
उषा देवी ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया कि स्थानीय गैस एजेंसी का दावा था कि सिलेंडर पहले ही डिलीवर किया जा चुका है। हालांकि, उन्हें इस लेनदेन की पुष्टि करने वाला कोई भी दस्तावेज या रसीद नहीं मिली थी।
जब यह मामला जिला मजिस्ट्रेट की जनसुनवाई के दौरान सामने आया, तो अधिकारी ने इस पर तुरंत संज्ञान लिया। जिला मजिस्ट्रेट ने जिला आपूर्ति अधिकारी को इस पूरे मामले की जांच करने का आदेश दिया ताकि सच्चाई का पता लगाया जा सके।
जांच के बाद मिला पूरा गैस किट
प्रशासन की जांच के बाद गैस एजेंसी ने उषा देवी को जरूरी उपकरणों का पूरा सेट उपलब्ध कराया। इस किट में उन्हें निम्नलिखित सामान दिए गए हैं:
- गैस सिलेंडर
- गैस चूल्हा
- होज़ पाइप
- रेगुलेटर
इस त्वरित समाधान के बाद उषा देवी ने अपनी समस्या को हल करने के लिए स्थानीय प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया है।
उज्ज्वला योजना और शिकायत निवारण
प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना का मुख्य उद्देश्य गरीबी रेखा से नीचे रहने वाले परिवारों को स्वच्छ ईंधन प्रदान करना है। इस योजना के जरिए महिलाओं को सशक्त बनाने और सार्वजनिक स्वास्थ्य में सुधार करने की कोशिश की जाती है।
उपभोक्ताओं की मदद के लिए इस योजना में शिकायत निवारण के अलग-अलग रास्ते बनाए गए हैं। इसमें समर्पित टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर और सरकार का आधिकारिक पोर्टल शामिल है, जहां लोग अपनी शिकायतें दर्ज करा सकते हैं।

























