उत्तर प्रदेश विधान परिषद चुनावों से ठीक पहले राजनीति में एक बड़ा बदलाव देखने को मिला है। भारतीय जनता पार्टी (BJP) के बागी नेता डॉ संजयन त्रिपाठी ने शनिवार, 3 अक्टूबर 2026 को लखनऊ में आधिकारिक तौर पर समाजवादी पार्टी (SP) की सदस्यता ग्रहण कर ली।
समाजवादी पार्टी ने उनके शामिल होते ही उन्हें गोरखपुर-फैजाबाद स्नातक शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से अपना उम्मीदवार घोषित कर दिया है। डॉ संजयन त्रिपाठी अब इस सीट से चुनाव लड़ेंगे, जबकि इससे पहले पार्टी ने 29 सितंबर 2026 को कमलेश यादव को इस पद के लिए नामित किया था।
बीजेपी से नाराजगी और पार्टी परिवर्तन
डॉ संजयन त्रिपाठी देवरिया जिले के मथलर डिग्री कॉलेज में हिंदी विभाग के अध्यक्ष हैं। वह गोरखपुर-फैजाबाद सीट के लिए बीजेपी टिकट की दौड़ में एक मजबूत दावेदार माने जा रहे थे।
हालांकि, बीजेपी ने इस सीट के लिए ध्रुव कुमार त्रिपाठी को उम्मीदवार बनाने का फैसला किया, जिससे डॉ संजयन त्रिपाठी काफी नाराज हो गए। उन्होंने पार्टी पर जमीनी स्तर के नेताओं को नजरअंदाज करने का आरोप लगाया और विरोध स्वरूप अपनी गाड़ी से बीजेपी का झंडा हटा दिया था। इसके बाद उन्होंने स्वतंत्र उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ने की इच्छा जताई थी।
समाजवादी पार्टी में अन्य बदलाव और नामांकन
लखनऊ में आयोजित इस कार्यक्रम के दौरान समाजवादी पार्टी ने आगरा मंडल शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के उम्मीदवार में भी बदलाव किया है। पार्टी ने अब राम प्रकाश गुप्ता की जगह डॉ आकाश अग्रवाल को अपना उम्मीदवार बनाया है।
डॉ आकाश अग्रवाल भी डॉ संजयन त्रिपाठी के साथ ही औपचारिक रूप से समाजवादी पार्टी में शामिल हुए हैं। इन सभी घोषणाओं की पुष्टि समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने लखनऊ में आयोजित शामिल होने के समारोह के दौरान की।
विधान परिषद चुनाव की समयसीमा
उत्तर प्रदेश विधान परिषद की 11 सीटों के लिए नामांकन की प्रक्रिया 29 सितंबर 2026 से शुरू हो चुकी है। यह पूरी प्रक्रिया अभी जारी है और उम्मीदवारों के नाम दाखिल किए जा रहे हैं।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, इन सीटों के लिए मतदान 23 अक्टूबर 2026 को होना तय है। इस चुनाव को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है और उम्मीदवारों के बदलाव का सिलसिला जारी है।

























