Skip to main content

Naradsamvad

INDIA गठबंधन की लंच मीटिंग से अखिलेश यादव की दूरी, सपा प्रमुख ने इसे बताया डिप्लोमेसी का हिस्सा

Naradsamvad
Naradsamvad - Narad news Agency
3 Min Read

समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने 7 अक्टूबर 2026 को INDIA गठबंधन के सांसदों के लिए आयोजित लंच मीटिंग में अपनी अनुपस्थिति पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि इस तरह की बातचीत लगातार चलती रहती है और ये काफी अनौपचारिक होती हैं।

Ad image

दिल्ली में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे द्वारा आयोजित इस लंच का मुख्य उद्देश्य चुनाव आयोग के खिलाफ चुनावी गड़बड़ी और “वोट चोरी” के आरोपों पर रणनीतियों पर चर्चा करना था।

अखिलेश यादव ने मीटिंग पर क्या कहा

मीडिया से बात करते हुए अखिलेश यादव ने स्पष्ट किया कि यह कोई अकेली या अलग-थलग मीटिंग नहीं थी। उन्होंने कहा कि ऐसा कोई एक लंच नहीं होगा, बल्कि आने वाले समय में आप सुनेंगे कि हमें चाय के लिए भी बुलाया गया था।

ALSO READ  मेरठ कैंट विधानसभा क्षेत्र में वोटर लिस्ट में गड़बड़ी का आरोप, सपा ने की जांच की मांग

अखिलेश यादव ने आगे कहा कि अगर अब समोसे को लेकर कोई नारा लगाया जाता है, तो इसमें कुछ भी गलत नहीं है। उन्होंने जोर देकर कहा कि यह डिप्लोमेसी यानी कूटनीति का हिस्सा है और यह आगे भी जारी रहेगी।

सपा और कांग्रेस के बीच संवाद की कमी

समाजवादी पार्टी के सूत्रों ने इस बैठक में शामिल न होने के पीछे कांग्रेस पार्टी की ओर से मिली अधूरी और देरी से दी गई जानकारी को वजह बताया। पार्टी के कुछ प्रतिनिधियों ने तो यहाँ तक दावा किया कि उन्हें कोई औपचारिक निमंत्रण मिला ही नहीं था।

ALSO READ  बाराबंकी सड़क हादसे में जान गंवाने वाले चार युवकों के परिजनों से मिले पूर्व मंत्री अरविंद सिंह गोप

इसके अलावा, पार्टी अधिकारियों ने बताया कि अखिलेश यादव की राज्यसभा चुनाव से जुड़ी पहले की प्रतिबद्धताएं थीं। इसी वजह से वह बाद में लखनऊ वापस लौट गए और इस बैठक में शामिल नहीं हो सके।

कांग्रेस की सफाई और विरोध प्रदर्शन का घटनाक्रम

कांग्रेस नेतृत्व ने इस मामले में सफाई देते हुए कहा कि उनका इरादा INDIA गठबंधन की सभी पार्टियों को बुलाने का था। हालांकि, लंच आयोजित करने का फैसला काफी देर से लिया गया, जिसकी वजह से कुछ नेताओं की उपस्थिति नहीं हो पाई।

ALSO READ  भारत के रिन्यूएबल एनर्जी सेक्टर में आए 67 बिलियन डॉलर के निवेश, सौर ऊर्जा क्षमता में भारी बढ़ोतरी

इस बैठक से ठीक पहले 6 अक्टूबर 2026 को चुनाव आयोग के खिलाफ एक विरोध मार्च निकाला गया था। इस मार्च में अखिलेश यादव और विपक्ष के अन्य सांसद शामिल हुए थे, जहाँ कई नेताओं को कुछ समय के लिए हिरासत में भी लिया गया था। रिहा होने के बाद अखिलेश यादव लखनऊ चले गए, इसलिए वह अगले दिन की इस बैठक में उपलब्ध नहीं थे।

Share This Article
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Home
Search
अपना ज़िला चुनें
error: Content is protected !!