बाराबंकी के रामनगर में बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने एक बड़े स्तर पर विरोध प्रदर्शन करने की योजना बनाई है। यह फैसला स्थानीय प्रशासन को दिए गए 48 घंटे के अल्टीमेटम के समय सीमा समाप्त होने के बाद लिया गया है।
इस पूरे मामले का नेतृत्व जिला संगठन सचिव अखिल और जिला सह-संयोजक विनय वर्मा कर रहे हैं। इन कार्यकर्ताओं ने पिछले शनिवार को पंचमुखी हनुमान मंदिर के पास एक धरना प्रदर्शन भी किया था।
प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने अपनी मांगों को लेकर एक ज्ञापन सौंपा था। यह ज्ञापन पुलिस अधीक्षक Arpit Vijayvargiya को भेजने के लिए सर्कल ऑफिसर Garima Pant और नायब तहसीलदार के माध्यम से दिया गया था।
मंदिरों के पास मांस की दुकानों को बंद करने की मांग
बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने प्रशासन के सामने अपनी छह सूत्रीय मांगों का एक ज्ञापन पेश किया है। इस ज्ञापन में सबसे मुख्य मांग रामनगर पुलिस स्टेशन के अधिकार क्षेत्र में आने वाले मंदिरों के पास चल रही मांस की दुकानों को तुरंत बंद करने की है।
कार्यकर्ताओं का आरोप है कि ये दुकानें प्रशासनिक मिलीभगत के कारण लगातार चल रही हैं। जिला सह-संयोजक विनय वर्मा ने कहा कि प्रशासन को कार्रवाई करने के लिए 48 घंटे का समय दिया गया था, लेकिन वह समय बिना किसी परिणाम के बीत चुका है।
थाना प्रभारी के कामकाज पर उठाए सवाल
बजरंग दल के सदस्यों ने रामनगर थाना प्रभारी Arun Kumar Singh के काम करने के तरीके पर गहरा असंतोष जताया है। उनका आरोप है कि थाना प्रभारी के कार्यों से स्थानीय जनता और हिंदू समुदाय दोनों की भावनाएं आहत हुई हैं।
कार्यकर्ताओं ने पुलिस द्वारा कार्रवाई न किए जाने को प्रशासनिक मनमानी बताया है। उनका कहना है कि यह सीधे तौर पर सरकारी निर्देशों का उल्लंघन है।
जिला स्तर पर बड़े विरोध प्रदर्शन की तैयारी
प्रशासनिक निष्क्रियता से नाराज बजरंग दल ने अब जिला स्तर पर एक बड़ा प्रदर्शन आयोजित करने का निर्णय लिया है। यह विरोध प्रदर्शन थाना प्रभारी द्वारा की जा रही उन गतिविधियों के खिलाफ है जिन्हें कार्यकर्ता ‘एंटी-सनातन’ गतिविधियां बता रहे हैं।
संगठन ने स्पष्ट किया है कि यदि उनकी मांगों को पूरा नहीं किया गया और उचित कार्रवाई नहीं हुई, तो वे अपने आंदोलन को और तेज करेंगे।

























