अमृतसर रूरल पुलिस ने आने वाले त्योहारी सीजन के दौरान रची गई एक बड़ी आतंकी साजिश को सफलतापूर्वक नाकाम कर दिया है। पुलिस ने इस मामले में एक संदिग्ध व्यक्ति को गिरफ्तार किया है।
यह महत्वपूर्ण ऑपरेशन 4 अक्टूबर, 2026 को चलाया गया। इस दौरान अधिकारियों ने संदिग्ध के पास से एक आधुनिक AK-47 राइफल, एक लोडेड मैगजीन, भारी मात्रा में जिंदा कारतूस और दो घातक हैंड ग्रेनेड बरामद किए हैं।
गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ घरिंदा पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया है। उस पर आर्म्स एक्ट और एक्सप्लोसिव सब्सटेंस एक्ट की सख्त धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है।
हथियारों की तस्करी और विदेशी कनेक्शन
पकड़े गए संदिग्ध की पहचान अभी उजागर नहीं की गई है। हालांकि, अधिकारियों ने बताया है कि यह व्यक्ति अवैध हथियारों की तस्करी में सक्रिय रूप से शामिल था।
पंजाब के पुलिस महानिदेशक (DGP) गौरव यादव ने इस ऑपरेशन की पुष्टि की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस आतंकी नेटवर्क को पाकिस्तान में बैठे हैंडलर्स द्वारा निर्देशित किया जा रहा था।
शुरुआती जांच के अनुसार, संदिग्ध व्यक्ति विदेश में स्थित प्रतिबंधित संगठनों और राष्ट्र विरोधी तत्वों के सीधे संपर्क में था। यह सिंडिकेट अपनी गतिविधियों के समन्वय और हथियारों की सप्लाई के लिए डार्क नेटवर्क और एन्क्रिप्टेड एप्लीकेशन का इस्तेमाल कर रहा था।
शांति भंग करने की साजिश और पुलिस की कार्रवाई
DGP गौरव यादव ने जोर देकर कहा कि इस पूरी साजिश का मकसद त्योहारी अवधि के दौरान पंजाब में सांप्रदायिक सद्भाव को बिगाड़ना था। आतंकियों की योजना पुलिस स्टेशनों और सरकारी प्रतिष्ठानों को निशाना बनाने की थी।
DGP ने यह भी दोहराया कि पुलिस बल राज्य की शांति और कानून व्यवस्था को खतरे में डालने की कोशिश करने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ सख्त कार्रवाई करेगा।
जांच अधिकारी फिलहाल गिरफ्तार संदिग्ध से गहन पूछताछ कर रहे हैं। इस पूछताछ का मुख्य उद्देश्य आतंकी नेटवर्क के फॉरवर्ड और बैकवर्ड लिंकेज का पता लगाना है ताकि इस पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश किया जा सके।

























